८७
अल-आला
الأعلى
बिस्मिल्लाह
بِسْمِ
साथ नाम
bis'mi
साथ नाम ٱللَّهِ अल्लाह के l-lahi
अल्लाह के ٱلرَّحْمَـٰنِ जो बहुत मेहरबान l-raḥmāni
जो बहुत मेहरबान ٱلرَّحِيمِ निहायत रहम करने वाला है l-raḥīmi
निहायत रहम करने वाला है
साथ नाम ٱللَّهِ अल्लाह के l-lahi
अल्लाह के ٱلرَّحْمَـٰنِ जो बहुत मेहरबान l-raḥmāni
जो बहुत मेहरबान ٱلرَّحِيمِ निहायत रहम करने वाला है l-raḥīmi
निहायत रहम करने वाला है
परम कृपालु, अत्यंत दयावान अल्लाह के नाम से
८७:१
سَبِّحِ
तस्बीह कीजिए
sabbiḥi
तस्बीह कीजिए ٱسْمَ नाम की is'ma
नाम की رَبِّكَ अपने रब के rabbika
अपने रब के ٱلْأَعْلَى जो बहुत बुलन्द है l-aʿlā
जो बहुत बुलन्द है ١ (1)
(1)
तस्बीह कीजिए ٱسْمَ नाम की is'ma
नाम की رَبِّكَ अपने रब के rabbika
अपने रब के ٱلْأَعْلَى जो बहुत बुलन्द है l-aʿlā
जो बहुत बुलन्द है ١ (1)
(1)
अपने सर्वोच्च पालनहार के नाम की पवित्रता का वर्णन करो।
८७:२
ٱلَّذِى
वो जिसने
alladhī
वो जिसने خَلَقَ पैदा किया khalaqa
पैदा किया فَسَوَّىٰ फिर उसने दुरुस्त किया fasawwā
फिर उसने दुरुस्त किया ٢ (2)
(2)
वो जिसने خَلَقَ पैदा किया khalaqa
पैदा किया فَسَوَّىٰ फिर उसने दुरुस्त किया fasawwā
फिर उसने दुरुस्त किया ٢ (2)
(2)
जिसने पैदा किया और ठीक-ठीक बनाया।
८७:३
وَٱلَّذِى
और वो जिसने
wa-alladhī
और वो जिसने قَدَّرَ अंदाज़ा किया qaddara
अंदाज़ा किया فَهَدَىٰ फिर उसने हिदायत बख़्शी fahadā
फिर उसने हिदायत बख़्शी ٣ (3)
(3)
और वो जिसने قَدَّرَ अंदाज़ा किया qaddara
अंदाज़ा किया فَهَدَىٰ फिर उसने हिदायत बख़्शी fahadā
फिर उसने हिदायत बख़्शी ٣ (3)
(3)
और जिसने (हर चीज़ को) अनुमानित किया, फिर मार्ग दिखाया।
८७:४
وَٱلَّذِىٓ
और वो जिसने
wa-alladhī
और वो जिसने أَخْرَجَ निकाला akhraja
निकाला ٱلْمَرْعَىٰ चारा l-marʿā
चारा ٤ (4)
(4)
और वो जिसने أَخْرَجَ निकाला akhraja
निकाला ٱلْمَرْعَىٰ चारा l-marʿā
चारा ٤ (4)
(4)
और जिसने चारा उगाया।1
८७:५
فَجَعَلَهُۥ
फिर उसने बना दिया उसे
fajaʿalahu
फिर उसने बना दिया उसे غُثَآءً कूड़ा ghuthāan
कूड़ा أَحْوَىٰ स्याह aḥwā
स्याह ٥ (5)
(5)
फिर उसने बना दिया उसे غُثَآءً कूड़ा ghuthāan
कूड़ा أَحْوَىٰ स्याह aḥwā
स्याह ٥ (5)
(5)
फिर उसे (सुखाकर) काले रंग का कूड़ा बना दिया।1
८७:६
سَنُقْرِئُكَ
अनक़रीब हम पढ़ा देंगे आपको
sanuq'ri-uka
अनक़रीब हम पढ़ा देंगे आपको فَلَا फिर नहीं falā
फिर नहीं تَنسَىٰٓ आप भूलेंगे tansā
आप भूलेंगे ٦ (6)
(6)
अनक़रीब हम पढ़ा देंगे आपको فَلَا फिर नहीं falā
फिर नहीं تَنسَىٰٓ आप भूलेंगे tansā
आप भूलेंगे ٦ (6)
(6)
(ऐ नबी!) हम तुम्हें ऐसा पढ़ाएँगे कि तुम नहीं भूलोगे।
८७:७
إِلَّا
मगर
illā
मगर مَا जो mā
जो شَآءَ चाहे shāa
चाहे ٱللَّهُ ۚ अल्लाह l-lahu
अल्लाह إِنَّهُۥ बेशक वो innahu
बेशक वो يَعْلَمُ वो जानता है yaʿlamu
वो जानता है ٱلْجَهْرَ ज़ाहिर को l-jahra
ज़ाहिर को وَمَا और उसको जो wamā
और उसको जो يَخْفَىٰ पोशीदा है yakhfā
पोशीदा है ٧ (7)
(7)
मगर مَا जो mā
जो شَآءَ चाहे shāa
चाहे ٱللَّهُ ۚ अल्लाह l-lahu
अल्लाह إِنَّهُۥ बेशक वो innahu
बेशक वो يَعْلَمُ वो जानता है yaʿlamu
वो जानता है ٱلْجَهْرَ ज़ाहिर को l-jahra
ज़ाहिर को وَمَا और उसको जो wamā
और उसको जो يَخْفَىٰ पोशीदा है yakhfā
पोशीदा है ٧ (7)
(7)
परन्तु जो अल्लाह चाहे। निश्चय ही वह खुली बात को जानता है और उस बात को भी जो छिपी हुई है।
८७:८
وَنُيَسِّرُكَ
और हम आसानी कर देंगे आपके लिए
wanuyassiruka
और हम आसानी कर देंगे आपके लिए لِلْيُسْرَىٰ आसान(रास्ते) की lil'yus'rā
आसान(रास्ते) की ٨ (8)
(8)
और हम आसानी कर देंगे आपके लिए لِلْيُسْرَىٰ आसान(रास्ते) की lil'yus'rā
आसान(रास्ते) की ٨ (8)
(8)
और हम तुम्हारे लिए सरल मार्ग आसान कर देंगे।1
८७:९
فَذَكِّرْ
पस नसीहत कीजिए
fadhakkir
पस नसीहत कीजिए إِن अगर in
अगर نَّفَعَتِ फ़ायदा दे nafaʿati
फ़ायदा दे ٱلذِّكْرَىٰ नसीहत करना l-dhik'rā
नसीहत करना ٩ (9)
(9)
पस नसीहत कीजिए إِن अगर in
अगर نَّفَعَتِ फ़ायदा दे nafaʿati
फ़ायदा दे ٱلذِّكْرَىٰ नसीहत करना l-dhik'rā
नसीहत करना ٩ (9)
(9)
तो आप नसीहत करते रहें। अगर नसीहत करना लाभदायक हो।
८७:१०
سَيَذَّكَّرُ
अनक़रीब नसीहत पकड़ेगा
sayadhakkaru
अनक़रीब नसीहत पकड़ेगा مَن वो जो man
वो जो يَخْشَىٰ डरता होगा yakhshā
डरता होगा ١٠ (10)
(10)
अनक़रीब नसीहत पकड़ेगा مَن वो जो man
वो जो يَخْشَىٰ डरता होगा yakhshā
डरता होगा ١٠ (10)
(10)
वह व्यक्ति उपदेश ग्रहण करेगा, जो डरता है।
८७:११
وَيَتَجَنَّبُهَا
और इज्तिनाब करेगा उससे
wayatajannabuhā
और इज्तिनाब करेगा उससे ٱلْأَشْقَى सबसे ज़्यादा बदबख़्त l-ashqā
सबसे ज़्यादा बदबख़्त ١١ (11)
(11)
और इज्तिनाब करेगा उससे ٱلْأَشْقَى सबसे ज़्यादा बदबख़्त l-ashqā
सबसे ज़्यादा बदबख़्त ١١ (11)
(11)
और उससे दूर रहेगा, जो सबसे बड़ा अभागा है।
८७:१२
ٱلَّذِى
वो जो
alladhī
वो जो يَصْلَى जलेगा yaṣlā
जलेगा ٱلنَّارَ आग मे l-nāra
आग मे ٱلْكُبْرَىٰ बहुत बड़ी l-kub'rā
बहुत बड़ी ١٢ (12)
(12)
वो जो يَصْلَى जलेगा yaṣlā
जलेगा ٱلنَّارَ आग मे l-nāra
आग मे ٱلْكُبْرَىٰ बहुत बड़ी l-kub'rā
बहुत बड़ी ١٢ (12)
(12)
जो सबसे बड़ी आग में प्रवेश करेगा।
८७:१३
ثُمَّ
फिर
thumma
फिर لَا not lā
not يَمُوتُ ना वो मरेगा yamūtu
ना वो मरेगा فِيهَا उसमें fīhā
उसमें وَلَا और ना walā
और ना يَحْيَىٰ वो जिएगा yaḥyā
वो जिएगा ١٣ (13)
(13)
फिर لَا not lā
not يَمُوتُ ना वो मरेगा yamūtu
ना वो मरेगा فِيهَا उसमें fīhā
उसमें وَلَا और ना walā
और ना يَحْيَىٰ वो जिएगा yaḥyā
वो जिएगा ١٣ (13)
(13)
फिर वह उसमें न मरेगा, न जिएगा।1
८७:१४
قَدْ
यक़ीनन
qad
यक़ीनन أَفْلَحَ फ़लाह पा गया aflaḥa
फ़लाह पा गया مَن वो जो man
वो जो تَزَكَّىٰ पाक हुआ tazakkā
पाक हुआ ١٤ (14)
(14)
यक़ीनन أَفْلَحَ फ़लाह पा गया aflaḥa
फ़लाह पा गया مَن वो जो man
वो जो تَزَكَّىٰ पाक हुआ tazakkā
पाक हुआ ١٤ (14)
(14)
निश्चय वह सफल हो गया, जो पाक हो गया।
८७:१५
وَذَكَرَ
और उसने ज़िक्र किया
wadhakara
और उसने ज़िक्र किया ٱسْمَ नाम is'ma
नाम رَبِّهِۦ अपने रब का rabbihi
अपने रब का فَصَلَّىٰ फिर उसने नमाज़ पढ़ी faṣallā
फिर उसने नमाज़ पढ़ी ١٥ (15)
(15)
और उसने ज़िक्र किया ٱسْمَ नाम is'ma
नाम رَبِّهِۦ अपने रब का rabbihi
अपने रब का فَصَلَّىٰ फिर उसने नमाज़ पढ़ी faṣallā
फिर उसने नमाज़ पढ़ी ١٥ (15)
(15)
तथा अपने पालनहार के नाम को याद किया और नमाज़ पढ़ी।1
८७:१६
بَلْ
बल्कि
bal
बल्कि تُؤْثِرُونَ तुम तरजीह देते हो tu'thirūna
तुम तरजीह देते हो ٱلْحَيَوٰةَ ज़िन्दगी को l-ḥayata
ज़िन्दगी को ٱلدُّنْيَا दुनिया की l-dun'yā
दुनिया की ١٦ (16)
(16)
बल्कि تُؤْثِرُونَ तुम तरजीह देते हो tu'thirūna
तुम तरजीह देते हो ٱلْحَيَوٰةَ ज़िन्दगी को l-ḥayata
ज़िन्दगी को ٱلدُّنْيَا दुनिया की l-dun'yā
दुनिया की ١٦ (16)
(16)
बल्कि तुम सांसारिक जीवन को प्राथमिकता देते हो।
८७:१७
وَٱلْـَٔاخِرَةُ
और आख़िरत
wal-ākhiratu
और आख़िरत خَيْرٌۭ बेहतर है khayrun
बेहतर है وَأَبْقَىٰٓ और ज़्यादा बाक़ी रहने वाली है wa-abqā
और ज़्यादा बाक़ी रहने वाली है ١٧ (17)
(17)
और आख़िरत خَيْرٌۭ बेहतर है khayrun
बेहतर है وَأَبْقَىٰٓ और ज़्यादा बाक़ी रहने वाली है wa-abqā
और ज़्यादा बाक़ी रहने वाली है ١٧ (17)
(17)
हालाँकि आख़िरत बहुत उत्तम और अधिक बाक़ी रहने वाली है।
८७:१८
إِنَّ
यक़ीनन
inna
यक़ीनन هَـٰذَا ये hādhā
ये لَفِى surely (is) in lafī
surely (is) in ٱلصُّحُفِ अलबत्ता सहीफ़ों में है l-ṣuḥufi
अलबत्ता सहीफ़ों में है ٱلْأُولَىٰ पहले l-ūlā
पहले ١٨ (18)
(18)
यक़ीनन هَـٰذَا ये hādhā
ये لَفِى surely (is) in lafī
surely (is) in ٱلصُّحُفِ अलबत्ता सहीफ़ों में है l-ṣuḥufi
अलबत्ता सहीफ़ों में है ٱلْأُولَىٰ पहले l-ūlā
पहले ١٨ (18)
(18)
निःसंदेह यह बात पहले सह़ीफ़ों (ग्रंथों) में है।
८७:१९
صُحُفِ
सहीफ़े
ṣuḥufi
सहीफ़े إِبْرَٰهِيمَ इब्राहीम ib'rāhīma
इब्राहीम وَمُوسَىٰ और मूसा के wamūsā
और मूसा के ١٩ (19)
(19)
सहीफ़े إِبْرَٰهِيمَ इब्राहीम ib'rāhīma
इब्राहीम وَمُوسَىٰ और मूसा के wamūsā
और मूसा के ١٩ (19)
(19)
इबराहीम तथा मूसा के सह़ीफ़ों (ग्रंथों) में।1