६५
अत-तलाक़
الطلاق
बिस्मिल्लाह
بِسْمِ
साथ नाम
bis'mi
साथ नाम ٱللَّهِ अल्लाह के l-lahi
अल्लाह के ٱلرَّحْمَـٰنِ जो बहुत मेहरबान l-raḥmāni
जो बहुत मेहरबान ٱلرَّحِيمِ निहायत रहम करने वाला है l-raḥīmi
निहायत रहम करने वाला है
साथ नाम ٱللَّهِ अल्लाह के l-lahi
अल्लाह के ٱلرَّحْمَـٰنِ जो बहुत मेहरबान l-raḥmāni
जो बहुत मेहरबान ٱلرَّحِيمِ निहायत रहम करने वाला है l-raḥīmi
निहायत रहम करने वाला है
परम कृपालु, अत्यंत दयावान अल्लाह के नाम से
६५:१
يَـٰٓأَيُّهَا
ऐ
yāayyuhā
ऐ ٱلنَّبِىُّ नबी l-nabiyu
नबी إِذَا जब idhā
जब طَلَّقْتُمُ तलाक़ दो तुम ṭallaqtumu
तलाक़ दो तुम ٱلنِّسَآءَ औरतों को l-nisāa
औरतों को فَطَلِّقُوهُنَّ तो तलाक़ दो उन्हें faṭalliqūhunna
तो तलाक़ दो उन्हें لِعِدَّتِهِنَّ उनकी इद्दत के लिए liʿiddatihinna
उनकी इद्दत के लिए وَأَحْصُوا۟ और शुमार करो wa-aḥṣū
और शुमार करो ٱلْعِدَّةَ ۖ इद्दत को l-ʿidata
इद्दत को وَٱتَّقُوا۟ और डरो wa-ittaqū
और डरो ٱللَّهَ अल्लाह से l-laha
अल्लाह से رَبَّكُمْ ۖ जो रब है तुम्हारा rabbakum
जो रब है तुम्हारा لَا (Do) not lā
(Do) not تُخْرِجُوهُنَّ ना तुम निकालो उन्हें tukh'rijūhunna
ना तुम निकालो उन्हें مِنۢ from min
from بُيُوتِهِنَّ उनके घरों से buyūtihinna
उनके घरों से وَلَا और ना walā
और ना يَخْرُجْنَ वो निकलें yakhruj'na
वो निकलें إِلَّآ मगर illā
मगर أَن ये कि an
ये कि يَأْتِينَ वो आऐं yatīna
वो आऐं بِفَـٰحِشَةٍۢ बेहयाई को bifāḥishatin
बेहयाई को مُّبَيِّنَةٍۢ ۚ खुली mubayyinatin
खुली وَتِلْكَ और ये watil'ka
और ये حُدُودُ हुदूद हैं ḥudūdu
हुदूद हैं ٱللَّهِ ۚ अल्लाह की l-lahi
अल्लाह की وَمَن और जो कोई waman
और जो कोई يَتَعَدَّ तजावुज़ करेगा yataʿadda
तजावुज़ करेगा حُدُودَ हुदूद से ḥudūda
हुदूद से ٱللَّهِ अल्लाह की l-lahi
अल्लाह की فَقَدْ तो तहक़ीक़ faqad
तो तहक़ीक़ ظَلَمَ उसने ज़ुल्म किया ẓalama
उसने ज़ुल्म किया نَفْسَهُۥ ۚ अपनी जान पर nafsahu
अपनी जान पर لَا Not lā
Not تَدْرِى नहीं तुम जानते tadrī
नहीं तुम जानते لَعَلَّ शायद कि laʿalla
शायद कि ٱللَّهَ अल्लाह l-laha
अल्लाह يُحْدِثُ वो पैदा कर दे yuḥ'dithu
वो पैदा कर दे بَعْدَ बाद baʿda
बाद ذَٰلِكَ उसके dhālika
उसके أَمْرًۭا कोई सूरत amran
कोई सूरत ١ (1)
(1)
ऐ ٱلنَّبِىُّ नबी l-nabiyu
नबी إِذَا जब idhā
जब طَلَّقْتُمُ तलाक़ दो तुम ṭallaqtumu
तलाक़ दो तुम ٱلنِّسَآءَ औरतों को l-nisāa
औरतों को فَطَلِّقُوهُنَّ तो तलाक़ दो उन्हें faṭalliqūhunna
तो तलाक़ दो उन्हें لِعِدَّتِهِنَّ उनकी इद्दत के लिए liʿiddatihinna
उनकी इद्दत के लिए وَأَحْصُوا۟ और शुमार करो wa-aḥṣū
और शुमार करो ٱلْعِدَّةَ ۖ इद्दत को l-ʿidata
इद्दत को وَٱتَّقُوا۟ और डरो wa-ittaqū
और डरो ٱللَّهَ अल्लाह से l-laha
अल्लाह से رَبَّكُمْ ۖ जो रब है तुम्हारा rabbakum
जो रब है तुम्हारा لَا (Do) not lā
(Do) not تُخْرِجُوهُنَّ ना तुम निकालो उन्हें tukh'rijūhunna
ना तुम निकालो उन्हें مِنۢ from min
from بُيُوتِهِنَّ उनके घरों से buyūtihinna
उनके घरों से وَلَا और ना walā
और ना يَخْرُجْنَ वो निकलें yakhruj'na
वो निकलें إِلَّآ मगर illā
मगर أَن ये कि an
ये कि يَأْتِينَ वो आऐं yatīna
वो आऐं بِفَـٰحِشَةٍۢ बेहयाई को bifāḥishatin
बेहयाई को مُّبَيِّنَةٍۢ ۚ खुली mubayyinatin
खुली وَتِلْكَ और ये watil'ka
और ये حُدُودُ हुदूद हैं ḥudūdu
हुदूद हैं ٱللَّهِ ۚ अल्लाह की l-lahi
अल्लाह की وَمَن और जो कोई waman
और जो कोई يَتَعَدَّ तजावुज़ करेगा yataʿadda
तजावुज़ करेगा حُدُودَ हुदूद से ḥudūda
हुदूद से ٱللَّهِ अल्लाह की l-lahi
अल्लाह की فَقَدْ तो तहक़ीक़ faqad
तो तहक़ीक़ ظَلَمَ उसने ज़ुल्म किया ẓalama
उसने ज़ुल्म किया نَفْسَهُۥ ۚ अपनी जान पर nafsahu
अपनी जान पर لَا Not lā
Not تَدْرِى नहीं तुम जानते tadrī
नहीं तुम जानते لَعَلَّ शायद कि laʿalla
शायद कि ٱللَّهَ अल्लाह l-laha
अल्लाह يُحْدِثُ वो पैदा कर दे yuḥ'dithu
वो पैदा कर दे بَعْدَ बाद baʿda
बाद ذَٰلِكَ उसके dhālika
उसके أَمْرًۭا कोई सूरत amran
कोई सूरत ١ (1)
(1)
ऐ नबी! जब तुम अपनी पत्नियों को तलाक़ दो, तो उन्हें उनकी 'इद्दत' के समय तलाक़ दो, और 'इद्दत' की गिनती करो। तथा अल्लाह से डरो, जो तुम्हारा पालनहार है। तुम उन्हें उनके घरों से न निकालो और न वे स्वयं निकलें, परंतु यह कि वे कोई खुली बुराई कर जाएँ। तथा ये अल्लाह की सीमाएँ हैं और जो अल्लाह की सीमाओं का उल्लंघन करेगा, तो निश्चय उसने अपने ऊपर अत्याचार किया। तुम नहीं जानते, शायद अल्लाह उसके बाद कोई नई बात पैदा कर दे।
६५:२
فَإِذَا
फिर जब
fa-idhā
फिर जब بَلَغْنَ वो पहुँचें balaghna
वो पहुँचें أَجَلَهُنَّ अपना मुद्दत को ajalahunna
अपना मुद्दत को فَأَمْسِكُوهُنَّ तो रोक लो उन्हें fa-amsikūhunna
तो रोक लो उन्हें بِمَعْرُوفٍ भले तरीक़े से bimaʿrūfin
भले तरीक़े से أَوْ या aw
या فَارِقُوهُنَّ जुदा कर दो उन्हें fāriqūhunna
जुदा कर दो उन्हें بِمَعْرُوفٍۢ भले तरीक़े से bimaʿrūfin
भले तरीक़े से وَأَشْهِدُوا۟ और गवाह बना लो wa-ashhidū
और गवाह बना लो ذَوَىْ two men dhaway
two men عَدْلٍۢ दो अदल वालों को ʿadlin
दो अदल वालों को مِّنكُمْ तुम में से minkum
तुम में से وَأَقِيمُوا۟ और क़ायम करो wa-aqīmū
और क़ायम करो ٱلشَّهَـٰدَةَ गवाही l-shahādata
गवाही لِلَّهِ ۚ अल्लाह के लिए lillahi
अल्लाह के लिए ذَٰلِكُمْ ये (है हुक्म) dhālikum
ये (है हुक्म) يُوعَظُ नसीहत की जाती है yūʿaẓu
नसीहत की जाती है بِهِۦ जिसकी bihi
जिसकी مَن उसे जो man
उसे जो كَانَ हो वो kāna
हो वो يُؤْمِنُ वो ईमान रखता yu'minu
वो ईमान रखता بِٱللَّهِ अल्लाह पर bil-lahi
अल्लाह पर وَٱلْيَوْمِ and the Day wal-yawmi
and the Day ٱلْـَٔاخِرِ ۚ और आख़िरी दिन पर l-ākhiri
और आख़िरी दिन पर وَمَن और जो कोई waman
और जो कोई يَتَّقِ डरेगा yattaqi
डरेगा ٱللَّهَ अल्लाह से l-laha
अल्लाह से يَجْعَل वो पैदा कर देगा yajʿal
वो पैदा कर देगा لَّهُۥ उसके लिए lahu
उसके लिए مَخْرَجًۭا निकलने का रास्ता makhrajan
निकलने का रास्ता ٢ (2)
(2)
फिर जब بَلَغْنَ वो पहुँचें balaghna
वो पहुँचें أَجَلَهُنَّ अपना मुद्दत को ajalahunna
अपना मुद्दत को فَأَمْسِكُوهُنَّ तो रोक लो उन्हें fa-amsikūhunna
तो रोक लो उन्हें بِمَعْرُوفٍ भले तरीक़े से bimaʿrūfin
भले तरीक़े से أَوْ या aw
या فَارِقُوهُنَّ जुदा कर दो उन्हें fāriqūhunna
जुदा कर दो उन्हें بِمَعْرُوفٍۢ भले तरीक़े से bimaʿrūfin
भले तरीक़े से وَأَشْهِدُوا۟ और गवाह बना लो wa-ashhidū
और गवाह बना लो ذَوَىْ two men dhaway
two men عَدْلٍۢ दो अदल वालों को ʿadlin
दो अदल वालों को مِّنكُمْ तुम में से minkum
तुम में से وَأَقِيمُوا۟ और क़ायम करो wa-aqīmū
और क़ायम करो ٱلشَّهَـٰدَةَ गवाही l-shahādata
गवाही لِلَّهِ ۚ अल्लाह के लिए lillahi
अल्लाह के लिए ذَٰلِكُمْ ये (है हुक्म) dhālikum
ये (है हुक्म) يُوعَظُ नसीहत की जाती है yūʿaẓu
नसीहत की जाती है بِهِۦ जिसकी bihi
जिसकी مَن उसे जो man
उसे जो كَانَ हो वो kāna
हो वो يُؤْمِنُ वो ईमान रखता yu'minu
वो ईमान रखता بِٱللَّهِ अल्लाह पर bil-lahi
अल्लाह पर وَٱلْيَوْمِ and the Day wal-yawmi
and the Day ٱلْـَٔاخِرِ ۚ और आख़िरी दिन पर l-ākhiri
और आख़िरी दिन पर وَمَن और जो कोई waman
और जो कोई يَتَّقِ डरेगा yattaqi
डरेगा ٱللَّهَ अल्लाह से l-laha
अल्लाह से يَجْعَل वो पैदा कर देगा yajʿal
वो पैदा कर देगा لَّهُۥ उसके लिए lahu
उसके लिए مَخْرَجًۭا निकलने का रास्ता makhrajan
निकलने का रास्ता ٢ (2)
(2)
फिर जब वे अपने निर्धारित समय को पहुँचने लगें, तो उन्हें अच्छे ढंग से रोक लो अथवा अच्छे ढंग से उन्हें अलग कर दो। और अपने बीच से दो न्यायवान् व्यक्तियों को गवाह1 बना लो। और अल्लाह के लिए ठीक-ठीक2 गवाही दो। इस (हुक्म) की उसे नसीहत की जाती है, जो अल्लाह तथा अंतिम दिवस पर ईमान रखता है। और जो अल्लाह से डरेगा, वह उसके लिए निकलने का कोई रास्ता बना देगा।
६५:३
وَيَرْزُقْهُ
और वो रिज़्क़ देगा उसे
wayarzuq'hu
और वो रिज़्क़ देगा उसे مِنْ from min
from حَيْثُ जहाँ से ḥaythu
जहाँ से لَا not lā
not يَحْتَسِبُ ۚ ना वो गुमान करता हो yaḥtasibu
ना वो गुमान करता हो وَمَن और जो कोई waman
और जो कोई يَتَوَكَّلْ तवक्कुल करेगा yatawakkal
तवक्कुल करेगा عَلَى upon ʿalā
upon ٱللَّهِ अल्लाह पर l-lahi
अल्लाह पर فَهُوَ तो वो fahuwa
तो वो حَسْبُهُۥٓ ۚ काफ़ी है उसे ḥasbuhu
काफ़ी है उसे إِنَّ बेशक inna
बेशक ٱللَّهَ अल्लाह l-laha
अल्लाह بَـٰلِغُ पूरा करने वाला है bālighu
पूरा करने वाला है أَمْرِهِۦ ۚ अपने काम को amrihi
अपने काम को قَدْ तहक़ीक़ qad
तहक़ीक़ جَعَلَ बना दिया jaʿala
बना दिया ٱللَّهُ अल्लाह ने l-lahu
अल्लाह ने لِكُلِّ वास्ते हर likulli
वास्ते हर شَىْءٍۢ चीज़ के shayin
चीज़ के قَدْرًۭا एक अंदाज़ा qadran
एक अंदाज़ा ٣ (3)
(3)
और वो रिज़्क़ देगा उसे مِنْ from min
from حَيْثُ जहाँ से ḥaythu
जहाँ से لَا not lā
not يَحْتَسِبُ ۚ ना वो गुमान करता हो yaḥtasibu
ना वो गुमान करता हो وَمَن और जो कोई waman
और जो कोई يَتَوَكَّلْ तवक्कुल करेगा yatawakkal
तवक्कुल करेगा عَلَى upon ʿalā
upon ٱللَّهِ अल्लाह पर l-lahi
अल्लाह पर فَهُوَ तो वो fahuwa
तो वो حَسْبُهُۥٓ ۚ काफ़ी है उसे ḥasbuhu
काफ़ी है उसे إِنَّ बेशक inna
बेशक ٱللَّهَ अल्लाह l-laha
अल्लाह بَـٰلِغُ पूरा करने वाला है bālighu
पूरा करने वाला है أَمْرِهِۦ ۚ अपने काम को amrihi
अपने काम को قَدْ तहक़ीक़ qad
तहक़ीक़ جَعَلَ बना दिया jaʿala
बना दिया ٱللَّهُ अल्लाह ने l-lahu
अल्लाह ने لِكُلِّ वास्ते हर likulli
वास्ते हर شَىْءٍۢ चीज़ के shayin
चीज़ के قَدْرًۭا एक अंदाज़ा qadran
एक अंदाज़ा ٣ (3)
(3)
और उसे वहाँ से रोज़ी देगा जहाँ से वह गुमान नहीं करता। तथा जो व्यक्ति अल्लाह पर भरोसा करे, वह उसके लिए पर्याप्त है। निःसंदेह अल्लाह अपना कार्य पूरा करने वाला1 है। निश्चय अल्लाह ने प्रत्येक वस्तु के लिए एक नियत समय निर्धारित कर रखा है।
६५:४
وَٱلَّـٰٓـِٔى
और वो औरतें
wa-allāī
और वो औरतें يَئِسْنَ जो मायूस हो चुकी हों ya-is'na
जो मायूस हो चुकी हों مِنَ of mina
of ٱلْمَحِيضِ हैज़ से l-maḥīḍi
हैज़ से مِن among min
among نِّسَآئِكُمْ तुम्हारी औरतों में से nisāikum
तुम्हारी औरतों में से إِنِ अगर ini
अगर ٱرْتَبْتُمْ शक हो तुम्हें ir'tabtum
शक हो तुम्हें فَعِدَّتُهُنَّ तो इद्दत उनकी faʿiddatuhunna
तो इद्दत उनकी ثَلَـٰثَةُ तीन thalāthatu
तीन أَشْهُرٍۢ माह है ashhurin
माह है وَٱلَّـٰٓـِٔى और उन औरतों (की भी) जो wa-allāī
और उन औरतों (की भी) जो لَمْ नहीं lam
नहीं يَحِضْنَ ۚ वो हाएज़ा हुईं yaḥiḍ'na
वो हाएज़ा हुईं وَأُو۟لَـٰتُ And those who (are) wa-ulātu
And those who (are) ٱلْأَحْمَالِ और हमल वालियाँ l-aḥmāli
और हमल वालियाँ أَجَلُهُنَّ इद्दत उनकी (ये है) ajaluhunna
इद्दत उनकी (ये है) أَن कि an
कि يَضَعْنَ वो वज़ह कर दें yaḍaʿna
वो वज़ह कर दें حَمْلَهُنَّ ۚ हमल अपना ḥamlahunna
हमल अपना وَمَن और जो कोई waman
और जो कोई يَتَّقِ डरेगा yattaqi
डरेगा ٱللَّهَ अल्लाह से l-laha
अल्लाह से يَجْعَل वो कर देगा yajʿal
वो कर देगा لَّهُۥ उसके लिए lahu
उसके लिए مِنْ of min
of أَمْرِهِۦ उसके काम में amrihi
उसके काम में يُسْرًۭا आसानी yus'ran
आसानी ٤ (4)
(4)
और वो औरतें يَئِسْنَ जो मायूस हो चुकी हों ya-is'na
जो मायूस हो चुकी हों مِنَ of mina
of ٱلْمَحِيضِ हैज़ से l-maḥīḍi
हैज़ से مِن among min
among نِّسَآئِكُمْ तुम्हारी औरतों में से nisāikum
तुम्हारी औरतों में से إِنِ अगर ini
अगर ٱرْتَبْتُمْ शक हो तुम्हें ir'tabtum
शक हो तुम्हें فَعِدَّتُهُنَّ तो इद्दत उनकी faʿiddatuhunna
तो इद्दत उनकी ثَلَـٰثَةُ तीन thalāthatu
तीन أَشْهُرٍۢ माह है ashhurin
माह है وَٱلَّـٰٓـِٔى और उन औरतों (की भी) जो wa-allāī
और उन औरतों (की भी) जो لَمْ नहीं lam
नहीं يَحِضْنَ ۚ वो हाएज़ा हुईं yaḥiḍ'na
वो हाएज़ा हुईं وَأُو۟لَـٰتُ And those who (are) wa-ulātu
And those who (are) ٱلْأَحْمَالِ और हमल वालियाँ l-aḥmāli
और हमल वालियाँ أَجَلُهُنَّ इद्दत उनकी (ये है) ajaluhunna
इद्दत उनकी (ये है) أَن कि an
कि يَضَعْنَ वो वज़ह कर दें yaḍaʿna
वो वज़ह कर दें حَمْلَهُنَّ ۚ हमल अपना ḥamlahunna
हमल अपना وَمَن और जो कोई waman
और जो कोई يَتَّقِ डरेगा yattaqi
डरेगा ٱللَّهَ अल्लाह से l-laha
अल्लाह से يَجْعَل वो कर देगा yajʿal
वो कर देगा لَّهُۥ उसके लिए lahu
उसके लिए مِنْ of min
of أَمْرِهِۦ उसके काम में amrihi
उसके काम में يُسْرًۭا आसानी yus'ran
आसानी ٤ (4)
(4)
तथा तुम्हारी स्त्रियों में से जो मासिक धर्म से निराश हो चुकी हैं, यदि तुम्हें संदेह हो, तो उनकी इद्दत1 तीन मास है और उनकी भी जिन्हें मासिक धर्म नहीं आया। और गर्भवती स्त्रियों की 'इद्दत' यह है कि वे अपना गर्भ जन दें। तथा जो अल्लाह से डरेगा, वह उसके लिए उसके काम में आसानी पैदा कर देगाा।
६५:५
ذَٰلِكَ
ये
dhālika
ये أَمْرُ हुक्म है amru
हुक्म है ٱللَّهِ अल्लाह का l-lahi
अल्लाह का أَنزَلَهُۥٓ उसने नाज़िल किया है उसे anzalahu
उसने नाज़िल किया है उसे إِلَيْكُمْ ۚ तरफ़ तुम्हारे ilaykum
तरफ़ तुम्हारे وَمَن और जो कोई waman
और जो कोई يَتَّقِ डरेगा yattaqi
डरेगा ٱللَّهَ अल्लाह से l-laha
अल्लाह से يُكَفِّرْ वो दूर कर देगा yukaffir
वो दूर कर देगा عَنْهُ उससे ʿanhu
उससे سَيِّـَٔاتِهِۦ बुराइयाँ उसकी sayyiātihi
बुराइयाँ उसकी وَيُعْظِمْ और वो बड़ा कर देगा wayuʿ'ẓim
और वो बड़ा कर देगा لَهُۥٓ उसके लिए lahu
उसके लिए أَجْرًا अजर को ajran
अजर को ٥ (5)
(5)
ये أَمْرُ हुक्म है amru
हुक्म है ٱللَّهِ अल्लाह का l-lahi
अल्लाह का أَنزَلَهُۥٓ उसने नाज़िल किया है उसे anzalahu
उसने नाज़िल किया है उसे إِلَيْكُمْ ۚ तरफ़ तुम्हारे ilaykum
तरफ़ तुम्हारे وَمَن और जो कोई waman
और जो कोई يَتَّقِ डरेगा yattaqi
डरेगा ٱللَّهَ अल्लाह से l-laha
अल्लाह से يُكَفِّرْ वो दूर कर देगा yukaffir
वो दूर कर देगा عَنْهُ उससे ʿanhu
उससे سَيِّـَٔاتِهِۦ बुराइयाँ उसकी sayyiātihi
बुराइयाँ उसकी وَيُعْظِمْ और वो बड़ा कर देगा wayuʿ'ẓim
और वो बड़ा कर देगा لَهُۥٓ उसके लिए lahu
उसके लिए أَجْرًا अजर को ajran
अजर को ٥ (5)
(5)
यह अल्लाह का आदेश है, जिसे उसने तुम्हारी ओर उतारा है। अतः जो अल्लाह से डरेगा1, वह उससे उसकी बुराइयाँ दूर कर देगा तथा उसे बड़ा प्रतिफल प्रदान करेगा।
६५:६
أَسْكِنُوهُنَّ
रिहाइश दो उन औरतों को
askinūhunna
रिहाइश दो उन औरतों को مِنْ from min
from حَيْثُ जहाँ ḥaythu
जहाँ سَكَنتُم रहते हो तुम sakantum
रहते हो तुम مِّن (out) of min
(out) of وُجْدِكُمْ अपनी वुसअत के मुताबिक़ wuj'dikum
अपनी वुसअत के मुताबिक़ وَلَا और ना walā
और ना تُضَآرُّوهُنَّ तुम ज़रर पहुँचाओ उन्हें tuḍārrūhunna
तुम ज़रर पहुँचाओ उन्हें لِتُضَيِّقُوا۟ ताकि तुम तंगी करो lituḍayyiqū
ताकि तुम तंगी करो عَلَيْهِنَّ ۚ उन पर ʿalayhinna
उन पर وَإِن और अगर wa-in
और अगर كُنَّ हों वो kunna
हों वो أُو۟لَـٰتِ those (who are) ulāti
those (who are) حَمْلٍۢ हमल वालियाँ ḥamlin
हमल वालियाँ فَأَنفِقُوا۟ तो ख़र्च करो fa-anfiqū
तो ख़र्च करो عَلَيْهِنَّ उन पर ʿalayhinna
उन पर حَتَّىٰ यहाँ तक कि ḥattā
यहाँ तक कि يَضَعْنَ वो वज़ह कर दें yaḍaʿna
वो वज़ह कर दें حَمْلَهُنَّ ۚ हमल अपना ḥamlahunna
हमल अपना فَإِنْ फिर अगर fa-in
फिर अगर أَرْضَعْنَ वो दूध पिलाऐं arḍaʿna
वो दूध पिलाऐं لَكُمْ तुम्हारे लिए lakum
तुम्हारे लिए فَـَٔاتُوهُنَّ तो दे दो उन्हें faātūhunna
तो दे दो उन्हें أُجُورَهُنَّ ۖ उजरतें उनकी ujūrahunna
उजरतें उनकी وَأْتَمِرُوا۟ और मशवरा करो watamirū
और मशवरा करो بَيْنَكُم आपस में baynakum
आपस में بِمَعْرُوفٍۢ ۖ भले तरीक़े से bimaʿrūfin
भले तरीक़े से وَإِن और अगर wa-in
और अगर تَعَاسَرْتُمْ तुम ने बाहम दुशवारी पैदा की taʿāsartum
तुम ने बाहम दुशवारी पैदा की فَسَتُرْضِعُ तो दूध पिला देगी fasatur'ḍiʿu
तो दूध पिला देगी لَهُۥٓ उसे lahu
उसे أُخْرَىٰ कोई दूसरी ukh'rā
कोई दूसरी ٦ (6)
(6)
रिहाइश दो उन औरतों को مِنْ from min
from حَيْثُ जहाँ ḥaythu
जहाँ سَكَنتُم रहते हो तुम sakantum
रहते हो तुम مِّن (out) of min
(out) of وُجْدِكُمْ अपनी वुसअत के मुताबिक़ wuj'dikum
अपनी वुसअत के मुताबिक़ وَلَا और ना walā
और ना تُضَآرُّوهُنَّ तुम ज़रर पहुँचाओ उन्हें tuḍārrūhunna
तुम ज़रर पहुँचाओ उन्हें لِتُضَيِّقُوا۟ ताकि तुम तंगी करो lituḍayyiqū
ताकि तुम तंगी करो عَلَيْهِنَّ ۚ उन पर ʿalayhinna
उन पर وَإِن और अगर wa-in
और अगर كُنَّ हों वो kunna
हों वो أُو۟لَـٰتِ those (who are) ulāti
those (who are) حَمْلٍۢ हमल वालियाँ ḥamlin
हमल वालियाँ فَأَنفِقُوا۟ तो ख़र्च करो fa-anfiqū
तो ख़र्च करो عَلَيْهِنَّ उन पर ʿalayhinna
उन पर حَتَّىٰ यहाँ तक कि ḥattā
यहाँ तक कि يَضَعْنَ वो वज़ह कर दें yaḍaʿna
वो वज़ह कर दें حَمْلَهُنَّ ۚ हमल अपना ḥamlahunna
हमल अपना فَإِنْ फिर अगर fa-in
फिर अगर أَرْضَعْنَ वो दूध पिलाऐं arḍaʿna
वो दूध पिलाऐं لَكُمْ तुम्हारे लिए lakum
तुम्हारे लिए فَـَٔاتُوهُنَّ तो दे दो उन्हें faātūhunna
तो दे दो उन्हें أُجُورَهُنَّ ۖ उजरतें उनकी ujūrahunna
उजरतें उनकी وَأْتَمِرُوا۟ और मशवरा करो watamirū
और मशवरा करो بَيْنَكُم आपस में baynakum
आपस में بِمَعْرُوفٍۢ ۖ भले तरीक़े से bimaʿrūfin
भले तरीक़े से وَإِن और अगर wa-in
और अगर تَعَاسَرْتُمْ तुम ने बाहम दुशवारी पैदा की taʿāsartum
तुम ने बाहम दुशवारी पैदा की فَسَتُرْضِعُ तो दूध पिला देगी fasatur'ḍiʿu
तो दूध पिला देगी لَهُۥٓ उसे lahu
उसे أُخْرَىٰ कोई दूसरी ukh'rā
कोई दूसरी ٦ (6)
(6)
उन्हें अपने सामर्थ्य के अनुसार वहाँ आवास दो, जहाँ तुम (स्वयं) रहते हो और उन्हें तंग करने के लिए उनको हानि न पहुँचाओ। और यदि वे गर्भवती हों, तो उनपर खर्च करो, यहाँ तक कि वे अपने गर्भ को जन दें। फिर यदि वे तुम्हारे लिए दूध पिलाएँ, तो उन्हें उनका पारिश्रमिक दो। और आपस में ठीक से विचार विमर्श1 कर लो। और यदि तुम दोनों में असहमति हो जाए, तो उसके लिए कोई दूसरी स्त्री दूध पिलाएगी।
६५:७
لِيُنفِقْ
ताकि ख़र्च करे
liyunfiq
ताकि ख़र्च करे ذُو owner dhū
owner سَعَةٍۢ वुसअत वाला saʿatin
वुसअत वाला مِّن from min
from سَعَتِهِۦ ۖ अपनी वुसअत में से saʿatihi
अपनी वुसअत में से وَمَن और जो कोई waman
और जो कोई قُدِرَ तंग किया गया qudira
तंग किया गया عَلَيْهِ उस पर ʿalayhi
उस पर رِزْقُهُۥ रिज़्क़ उसका riz'quhu
रिज़्क़ उसका فَلْيُنفِقْ पस चाहिए कि वो ख़र्च करे falyunfiq
पस चाहिए कि वो ख़र्च करे مِمَّآ उसमें से जो mimmā
उसमें से जो ءَاتَىٰهُ दिया है उसे ātāhu
दिया है उसे ٱللَّهُ ۚ अल्लाह ने l-lahu
अल्लाह ने لَا Does not lā
Does not يُكَلِّفُ नहीं तक्लीफ़ देता yukallifu
नहीं तक्लीफ़ देता ٱللَّهُ अल्लाह l-lahu
अल्लाह نَفْسًا किसी नफ़्स को nafsan
किसी नफ़्स को إِلَّا मगर illā
मगर مَآ जितना mā
जितना ءَاتَىٰهَا ۚ उसने दिया उसे ātāhā
उसने दिया उसे سَيَجْعَلُ अनक़रीब कर देगा sayajʿalu
अनक़रीब कर देगा ٱللَّهُ अल्लाह l-lahu
अल्लाह بَعْدَ बाद baʿda
बाद عُسْرٍۢ तंगी के ʿus'rin
तंगी के يُسْرًۭا आसानी yus'ran
आसानी ٧ (7)
(7)
ताकि ख़र्च करे ذُو owner dhū
owner سَعَةٍۢ वुसअत वाला saʿatin
वुसअत वाला مِّن from min
from سَعَتِهِۦ ۖ अपनी वुसअत में से saʿatihi
अपनी वुसअत में से وَمَن और जो कोई waman
और जो कोई قُدِرَ तंग किया गया qudira
तंग किया गया عَلَيْهِ उस पर ʿalayhi
उस पर رِزْقُهُۥ रिज़्क़ उसका riz'quhu
रिज़्क़ उसका فَلْيُنفِقْ पस चाहिए कि वो ख़र्च करे falyunfiq
पस चाहिए कि वो ख़र्च करे مِمَّآ उसमें से जो mimmā
उसमें से जो ءَاتَىٰهُ दिया है उसे ātāhu
दिया है उसे ٱللَّهُ ۚ अल्लाह ने l-lahu
अल्लाह ने لَا Does not lā
Does not يُكَلِّفُ नहीं तक्लीफ़ देता yukallifu
नहीं तक्लीफ़ देता ٱللَّهُ अल्लाह l-lahu
अल्लाह نَفْسًا किसी नफ़्स को nafsan
किसी नफ़्स को إِلَّا मगर illā
मगर مَآ जितना mā
जितना ءَاتَىٰهَا ۚ उसने दिया उसे ātāhā
उसने दिया उसे سَيَجْعَلُ अनक़रीब कर देगा sayajʿalu
अनक़रीब कर देगा ٱللَّهُ अल्लाह l-lahu
अल्लाह بَعْدَ बाद baʿda
बाद عُسْرٍۢ तंगी के ʿus'rin
तंगी के يُسْرًۭا आसानी yus'ran
आसानी ٧ (7)
(7)
संपन्न व्यक्ति को चाहिए कि अपनी संपन्नता के अनुसार ख़र्च करे। और जिसकी रोज़ी तंग कर दी गई हो, वह उसी में से खर्च करे, जो अल्लाह ने उसे दिया है। अल्लाह किसी प्राणी पर उतना ही भार डालता है, जितना उसे प्रदान किया है। अल्लाह शीघ्र ही तंगी के बाद आसानी पैदा कर देगा।
६५:८
وَكَأَيِّن
और कितनी ही
waka-ayyin
और कितनी ही مِّن of min
of قَرْيَةٍ बस्तियाँ हैं qaryatin
बस्तियाँ हैं عَتَتْ उन्होंने सरकशी की ʿatat
उन्होंने सरकशी की عَنْ against ʿan
against أَمْرِ हुक्म से amri
हुक्म से رَبِّهَا अपने रब के rabbihā
अपने रब के وَرُسُلِهِۦ और उसके रसूलों से warusulihi
और उसके रसूलों से فَحَاسَبْنَـٰهَا तो हिसाब लिया हमने उनसे faḥāsabnāhā
तो हिसाब लिया हमने उनसे حِسَابًۭا हिसाब ḥisāban
हिसाब شَدِيدًۭا शदीद/ सख़्त shadīdan
शदीद/ सख़्त وَعَذَّبْنَـٰهَا और अज़ाब दिया हमने उन्हें waʿadhabnāhā
और अज़ाब दिया हमने उन्हें عَذَابًۭا अज़ाब ʿadhāban
अज़ाब نُّكْرًۭا अंजाना / हौलनाक nuk'ran
अंजाना / हौलनाक ٨ (8)
(8)
और कितनी ही مِّن of min
of قَرْيَةٍ बस्तियाँ हैं qaryatin
बस्तियाँ हैं عَتَتْ उन्होंने सरकशी की ʿatat
उन्होंने सरकशी की عَنْ against ʿan
against أَمْرِ हुक्म से amri
हुक्म से رَبِّهَا अपने रब के rabbihā
अपने रब के وَرُسُلِهِۦ और उसके रसूलों से warusulihi
और उसके रसूलों से فَحَاسَبْنَـٰهَا तो हिसाब लिया हमने उनसे faḥāsabnāhā
तो हिसाब लिया हमने उनसे حِسَابًۭا हिसाब ḥisāban
हिसाब شَدِيدًۭا शदीद/ सख़्त shadīdan
शदीद/ सख़्त وَعَذَّبْنَـٰهَا और अज़ाब दिया हमने उन्हें waʿadhabnāhā
और अज़ाब दिया हमने उन्हें عَذَابًۭا अज़ाब ʿadhāban
अज़ाब نُّكْرًۭا अंजाना / हौलनाक nuk'ran
अंजाना / हौलनाक ٨ (8)
(8)
कितनी ही बस्तियाँ1 हैं, जिन्होंने अपने पालनहार और उसके रसूलों के आदेश से सरकशी की, तो हमने उनका कठोर हिसाब लिया और उन्हें बुरी यातना दी।
६५:९
فَذَاقَتْ
तो उन्होंने चखा
fadhāqat
तो उन्होंने चखा وَبَالَ वबाल wabāla
वबाल أَمْرِهَا अपने काम का amrihā
अपने काम का وَكَانَ और था wakāna
और था عَـٰقِبَةُ अंजाम ʿāqibatu
अंजाम أَمْرِهَا उनके काम का amrihā
उनके काम का خُسْرًا ख़सारा khus'ran
ख़सारा ٩ (9)
(9)
तो उन्होंने चखा وَبَالَ वबाल wabāla
वबाल أَمْرِهَا अपने काम का amrihā
अपने काम का وَكَانَ और था wakāna
और था عَـٰقِبَةُ अंजाम ʿāqibatu
अंजाम أَمْرِهَا उनके काम का amrihā
उनके काम का خُسْرًا ख़सारा khus'ran
ख़सारा ٩ (9)
(9)
तो उन्होंने अपने किए का दुष्परिणाम चख लिया और उनके कार्य का परिणाम घाटा ही रहा।
६५:१०
أَعَدَّ
तैयार कर रखा है
aʿadda
तैयार कर रखा है ٱللَّهُ अल्लाह ने l-lahu
अल्लाह ने لَهُمْ उनके लिए lahum
उनके लिए عَذَابًۭا अज़ाब ʿadhāban
अज़ाब شَدِيدًۭا ۖ शदीद shadīdan
शदीद فَٱتَّقُوا۟ पस डरो fa-ittaqū
पस डरो ٱللَّهَ अल्लाह से l-laha
अल्लाह से يَـٰٓأُو۟لِى O men yāulī
O men ٱلْأَلْبَـٰبِ ऐ अक़्ल वालो l-albābi
ऐ अक़्ल वालो ٱلَّذِينَ वो जो alladhīna
वो जो ءَامَنُوا۟ ۚ ईमान लाए हो āmanū
ईमान लाए हो قَدْ तहक़ीक़ qad
तहक़ीक़ أَنزَلَ नाज़िल किया anzala
नाज़िल किया ٱللَّهُ अल्लाह ने l-lahu
अल्लाह ने إِلَيْكُمْ तरफ़ तुम्हारे ilaykum
तरफ़ तुम्हारे ذِكْرًۭا ज़िक्र dhik'ran
ज़िक्र ١٠ (10)
(10)
तैयार कर रखा है ٱللَّهُ अल्लाह ने l-lahu
अल्लाह ने لَهُمْ उनके लिए lahum
उनके लिए عَذَابًۭا अज़ाब ʿadhāban
अज़ाब شَدِيدًۭا ۖ शदीद shadīdan
शदीद فَٱتَّقُوا۟ पस डरो fa-ittaqū
पस डरो ٱللَّهَ अल्लाह से l-laha
अल्लाह से يَـٰٓأُو۟لِى O men yāulī
O men ٱلْأَلْبَـٰبِ ऐ अक़्ल वालो l-albābi
ऐ अक़्ल वालो ٱلَّذِينَ वो जो alladhīna
वो जो ءَامَنُوا۟ ۚ ईमान लाए हो āmanū
ईमान लाए हो قَدْ तहक़ीक़ qad
तहक़ीक़ أَنزَلَ नाज़िल किया anzala
नाज़िल किया ٱللَّهُ अल्लाह ने l-lahu
अल्लाह ने إِلَيْكُمْ तरफ़ तुम्हारे ilaykum
तरफ़ तुम्हारे ذِكْرًۭا ज़िक्र dhik'ran
ज़िक्र ١٠ (10)
(10)
अल्लाह ने उनके लिए भीषण यातना तैयार कर रखी है। अतः, ऐ समझ वालो, जो ईमान लाए हो, अल्लाह से डरो! निश्चय अल्लाह ने तुम्हारी ओर महान उपदेश उतारा है।
६५:११
رَّسُولًۭا
एक रसूल
rasūlan
एक रसूल يَتْلُوا۟ जो तिलावत करता है yatlū
जो तिलावत करता है عَلَيْكُمْ तुम पर ʿalaykum
तुम पर ءَايَـٰتِ आयात āyāti
आयात ٱللَّهِ अल्लाह की l-lahi
अल्लाह की مُبَيِّنَـٰتٍۢ वाज़ेह mubayyinātin
वाज़ेह لِّيُخْرِجَ ताकि वो निकाले liyukh'rija
ताकि वो निकाले ٱلَّذِينَ उन लोगों को जो alladhīna
उन लोगों को जो ءَامَنُوا۟ ईमान लाए āmanū
ईमान लाए وَعَمِلُوا۟ और उन्होंने अमल किए waʿamilū
और उन्होंने अमल किए ٱلصَّـٰلِحَـٰتِ नेक l-ṣāliḥāti
नेक مِنَ from mina
from ٱلظُّلُمَـٰتِ अंधेरों से l-ẓulumāti
अंधेरों से إِلَى towards ilā
towards ٱلنُّورِ ۚ तरफ़ नूर के l-nūri
तरफ़ नूर के وَمَن और जो कोई waman
और जो कोई يُؤْمِنۢ ईमान लाए yu'min
ईमान लाए بِٱللَّهِ अल्लाह पर bil-lahi
अल्लाह पर وَيَعْمَلْ और वो अमल करे wayaʿmal
और वो अमल करे صَـٰلِحًۭا नेक ṣāliḥan
नेक يُدْخِلْهُ वो दाख़िल करेगा उसे yud'khil'hu
वो दाख़िल करेगा उसे جَنَّـٰتٍۢ बाग़ात में jannātin
बाग़ात में تَجْرِى बहती हैं tajrī
बहती हैं مِن from min
from تَحْتِهَا उनके नीचे से taḥtihā
उनके नीचे से ٱلْأَنْهَـٰرُ नहरें l-anhāru
नहरें خَـٰلِدِينَ हमेशा रहने वाले हैं khālidīna
हमेशा रहने वाले हैं فِيهَآ उनमें fīhā
उनमें أَبَدًۭا ۖ हमेशा-हमेशा abadan
हमेशा-हमेशा قَدْ तहक़ीक़ qad
तहक़ीक़ أَحْسَنَ अच्छा दिया aḥsana
अच्छा दिया ٱللَّهُ अल्लाह ने l-lahu
अल्लाह ने لَهُۥ उसे lahu
उसे رِزْقًا रिज़्क़ riz'qan
रिज़्क़ ١١ (11)
(11)
एक रसूल يَتْلُوا۟ जो तिलावत करता है yatlū
जो तिलावत करता है عَلَيْكُمْ तुम पर ʿalaykum
तुम पर ءَايَـٰتِ आयात āyāti
आयात ٱللَّهِ अल्लाह की l-lahi
अल्लाह की مُبَيِّنَـٰتٍۢ वाज़ेह mubayyinātin
वाज़ेह لِّيُخْرِجَ ताकि वो निकाले liyukh'rija
ताकि वो निकाले ٱلَّذِينَ उन लोगों को जो alladhīna
उन लोगों को जो ءَامَنُوا۟ ईमान लाए āmanū
ईमान लाए وَعَمِلُوا۟ और उन्होंने अमल किए waʿamilū
और उन्होंने अमल किए ٱلصَّـٰلِحَـٰتِ नेक l-ṣāliḥāti
नेक مِنَ from mina
from ٱلظُّلُمَـٰتِ अंधेरों से l-ẓulumāti
अंधेरों से إِلَى towards ilā
towards ٱلنُّورِ ۚ तरफ़ नूर के l-nūri
तरफ़ नूर के وَمَن और जो कोई waman
और जो कोई يُؤْمِنۢ ईमान लाए yu'min
ईमान लाए بِٱللَّهِ अल्लाह पर bil-lahi
अल्लाह पर وَيَعْمَلْ और वो अमल करे wayaʿmal
और वो अमल करे صَـٰلِحًۭا नेक ṣāliḥan
नेक يُدْخِلْهُ वो दाख़िल करेगा उसे yud'khil'hu
वो दाख़िल करेगा उसे جَنَّـٰتٍۢ बाग़ात में jannātin
बाग़ात में تَجْرِى बहती हैं tajrī
बहती हैं مِن from min
from تَحْتِهَا उनके नीचे से taḥtihā
उनके नीचे से ٱلْأَنْهَـٰرُ नहरें l-anhāru
नहरें خَـٰلِدِينَ हमेशा रहने वाले हैं khālidīna
हमेशा रहने वाले हैं فِيهَآ उनमें fīhā
उनमें أَبَدًۭا ۖ हमेशा-हमेशा abadan
हमेशा-हमेशा قَدْ तहक़ीक़ qad
तहक़ीक़ أَحْسَنَ अच्छा दिया aḥsana
अच्छा दिया ٱللَّهُ अल्लाह ने l-lahu
अल्लाह ने لَهُۥ उसे lahu
उसे رِزْقًا रिज़्क़ riz'qan
रिज़्क़ ١١ (11)
(11)
जो ऐसा रसूल1 है कि तुम्हारे सामने अल्लाह की (सत्य को) स्पष्ट करने वाली आयतें पढ़कर सुनाता हैं, ताकि वह उन लोगों को, जो ईमान लाए तथा उन्होंने अच्छे कार्य किए, अँधेरों से निकाल कर प्रकाश की ओर ले आए। और जो अल्लाह पर ईमान लाए और अच्छे कार्य करे, वह उसे ऐसी जन्नतों में दाख़िल करेगा, जिनके नीचे से नहरें बहती हैं। वे उनमें हमेशा रहने वाले हैं। अल्लाह ने उसके लिए उत्तम जीविका तैयार कर रखी है।
६५:१२
ٱللَّهُ
अल्लाह
al-lahu
अल्लाह ٱلَّذِى वो जिसने alladhī
वो जिसने خَلَقَ पैदा किया khalaqa
पैदा किया سَبْعَ सात sabʿa
सात سَمَـٰوَٰتٍۢ आसमानों को samāwātin
आसमानों को وَمِنَ and of wamina
and of ٱلْأَرْضِ और ज़मीन में से l-arḍi
और ज़मीन में से مِثْلَهُنَّ मानिन्द उन्हीं के mith'lahunna
मानिन्द उन्हीं के يَتَنَزَّلُ उतरता है yatanazzalu
उतरता है ٱلْأَمْرُ हुक्म l-amru
हुक्म بَيْنَهُنَّ दर्मियान उनके baynahunna
दर्मियान उनके لِتَعْلَمُوٓا۟ ताकि तुम जान लो litaʿlamū
ताकि तुम जान लो أَنَّ बेशक anna
बेशक ٱللَّهَ अल्लाह l-laha
अल्लाह عَلَىٰ ऊपर ʿalā
ऊपर كُلِّ हर kulli
हर شَىْءٍۢ चीज़ के shayin
चीज़ के قَدِيرٌۭ ख़ूब क़ुदरत रखने वाला है qadīrun
ख़ूब क़ुदरत रखने वाला है وَأَنَّ और बेशक wa-anna
और बेशक ٱللَّهَ अल्लाह l-laha
अल्लाह قَدْ तहक़ीक़ qad
तहक़ीक़ أَحَاطَ उसने घेर रखा है aḥāṭa
उसने घेर रखा है بِكُلِّ हर bikulli
हर شَىْءٍ चीज़ को shayin
चीज़ को عِلْمًۢا इल्म के ऐतबार से ʿil'man
इल्म के ऐतबार से ١٢ (12)
(12)
अल्लाह ٱلَّذِى वो जिसने alladhī
वो जिसने خَلَقَ पैदा किया khalaqa
पैदा किया سَبْعَ सात sabʿa
सात سَمَـٰوَٰتٍۢ आसमानों को samāwātin
आसमानों को وَمِنَ and of wamina
and of ٱلْأَرْضِ और ज़मीन में से l-arḍi
और ज़मीन में से مِثْلَهُنَّ मानिन्द उन्हीं के mith'lahunna
मानिन्द उन्हीं के يَتَنَزَّلُ उतरता है yatanazzalu
उतरता है ٱلْأَمْرُ हुक्म l-amru
हुक्म بَيْنَهُنَّ दर्मियान उनके baynahunna
दर्मियान उनके لِتَعْلَمُوٓا۟ ताकि तुम जान लो litaʿlamū
ताकि तुम जान लो أَنَّ बेशक anna
बेशक ٱللَّهَ अल्लाह l-laha
अल्लाह عَلَىٰ ऊपर ʿalā
ऊपर كُلِّ हर kulli
हर شَىْءٍۢ चीज़ के shayin
चीज़ के قَدِيرٌۭ ख़ूब क़ुदरत रखने वाला है qadīrun
ख़ूब क़ुदरत रखने वाला है وَأَنَّ और बेशक wa-anna
और बेशक ٱللَّهَ अल्लाह l-laha
अल्लाह قَدْ तहक़ीक़ qad
तहक़ीक़ أَحَاطَ उसने घेर रखा है aḥāṭa
उसने घेर रखा है بِكُلِّ हर bikulli
हर شَىْءٍ चीज़ को shayin
चीज़ को عِلْمًۢا इल्म के ऐतबार से ʿil'man
इल्म के ऐतबार से ١٢ (12)
(12)
अल्लाह ही है, जिसने सात आकाश बनाए तथा धरती से भी उन्हीं के समान। उनके बीच आदेश उतरता है, ताकि तुम जान लो कि अल्लाह हर चीज़ पर सर्वशक्तिमान है और यह कि अल्लाह ने निश्चय प्रत्येक वस्तु को अपने ज्ञान के साथ घेर रखा है।