३८
साद
ص
बिस्मिल्लाह
بِسْمِ
साथ नाम
bis'mi
साथ नाम ٱللَّهِ अल्लाह के l-lahi
अल्लाह के ٱلرَّحْمَـٰنِ जो बहुत मेहरबान l-raḥmāni
जो बहुत मेहरबान ٱلرَّحِيمِ निहायत रहम करने वाला है l-raḥīmi
निहायत रहम करने वाला है
साथ नाम ٱللَّهِ अल्लाह के l-lahi
अल्लाह के ٱلرَّحْمَـٰنِ जो बहुत मेहरबान l-raḥmāni
जो बहुत मेहरबान ٱلرَّحِيمِ निहायत रहम करने वाला है l-raḥīmi
निहायत रहम करने वाला है
परम कृपालु, अत्यंत दयावान अल्लाह के नाम से
३८:१
صٓ ۚ
ص
sad
ص وَٱلْقُرْءَانِ क़सम है क़ुरआन wal-qur'āni
क़सम है क़ुरआन ذِى full (of) reminder dhī
full (of) reminder ٱلذِّكْرِ नसीहत वाले की l-dhik'ri
नसीहत वाले की ١ (1)
(1)
ص وَٱلْقُرْءَانِ क़सम है क़ुरआन wal-qur'āni
क़सम है क़ुरआन ذِى full (of) reminder dhī
full (of) reminder ٱلذِّكْرِ नसीहत वाले की l-dhik'ri
नसीहत वाले की ١ (1)
(1)
सॉद। क़सम है इस उपदेश वाले क़ुरआन की!
३८:२
بَلِ
बल्कि
bali
बल्कि ٱلَّذِينَ वो लोग जिन्होंने alladhīna
वो लोग जिन्होंने كَفَرُوا۟ कुफ़्र किया kafarū
कुफ़्र किया فِى (are) in fī
(are) in عِزَّةٍۢ तकब्बुर में ʿizzatin
तकब्बुर में وَشِقَاقٍۢ और मुख़ालिफ़त में हैं washiqāqin
और मुख़ालिफ़त में हैं ٢ (2)
(2)
बल्कि ٱلَّذِينَ वो लोग जिन्होंने alladhīna
वो लोग जिन्होंने كَفَرُوا۟ कुफ़्र किया kafarū
कुफ़्र किया فِى (are) in fī
(are) in عِزَّةٍۢ तकब्बुर में ʿizzatin
तकब्बुर में وَشِقَاقٍۢ और मुख़ालिफ़त में हैं washiqāqin
और मुख़ालिफ़त में हैं ٢ (2)
(2)
बल्कि वे लोग जिन्होंने कुफ़्र किया, अभिमान और विरोध में पड़े हुए हैं।
३८:३
كَمْ
कितनी ही
kam
कितनी ही أَهْلَكْنَا हलाक कीं हमने ahlaknā
हलाक कीं हमने مِن before them min
before them قَبْلِهِم उनसे पहले qablihim
उनसे पहले مِّن of min
of قَرْنٍۢ उम्मतें qarnin
उम्मतें فَنَادَوا۟ तो उन्होंने पुकारा fanādaw
तो उन्होंने पुकारा وَّلَاتَ और ना थी walāta
और ना थी حِينَ उस वक़्त ḥīna
उस वक़्त مَنَاصٍۢ कोई पनाहगाह manāṣin
कोई पनाहगाह ٣ (3)
(3)
कितनी ही أَهْلَكْنَا हलाक कीं हमने ahlaknā
हलाक कीं हमने مِن before them min
before them قَبْلِهِم उनसे पहले qablihim
उनसे पहले مِّن of min
of قَرْنٍۢ उम्मतें qarnin
उम्मतें فَنَادَوا۟ तो उन्होंने पुकारा fanādaw
तो उन्होंने पुकारा وَّلَاتَ और ना थी walāta
और ना थी حِينَ उस वक़्त ḥīna
उस वक़्त مَنَاصٍۢ कोई पनाहगाह manāṣin
कोई पनाहगाह ٣ (3)
(3)
हमने इनसे पहले कितने ही समुदायों को विनष्ट कर दिया, तो उन्होंने पुकारा। और वह बच निकलने का समय नहीं था।
३८:४
وَعَجِبُوٓا۟
और उन्होंने ताअज्जुब किया
waʿajibū
और उन्होंने ताअज्जुब किया أَن कि an
कि جَآءَهُم आया उनके पास jāahum
आया उनके पास مُّنذِرٌۭ एक डराने वाला mundhirun
एक डराने वाला مِّنْهُمْ ۖ उनमें से min'hum
उनमें से وَقَالَ और कहा waqāla
और कहा ٱلْكَـٰفِرُونَ काफ़िरों ने l-kāfirūna
काफ़िरों ने هَـٰذَا ये है hādhā
ये है سَـٰحِرٌۭ जादूगर sāḥirun
जादूगर كَذَّابٌ सख़्त झूठा kadhābun
सख़्त झूठा ٤ (4)
(4)
और उन्होंने ताअज्जुब किया أَن कि an
कि جَآءَهُم आया उनके पास jāahum
आया उनके पास مُّنذِرٌۭ एक डराने वाला mundhirun
एक डराने वाला مِّنْهُمْ ۖ उनमें से min'hum
उनमें से وَقَالَ और कहा waqāla
और कहा ٱلْكَـٰفِرُونَ काफ़िरों ने l-kāfirūna
काफ़िरों ने هَـٰذَا ये है hādhā
ये है سَـٰحِرٌۭ जादूगर sāḥirun
जादूगर كَذَّابٌ सख़्त झूठा kadhābun
सख़्त झूठा ٤ (4)
(4)
तथा उन्होंने इसपर आश्चर्य किया कि उनके पास उन्हीं में से एक डराने वाला1 आया! और काफ़िरों ने कहा : यह एक बड़ा झूठा जादूगर है।
३८:५
أَجَعَلَ
क्या उसने बना लिया
ajaʿala
क्या उसने बना लिया ٱلْـَٔالِهَةَ बहुत से इलाहों को l-ālihata
बहुत से इलाहों को إِلَـٰهًۭا इलाह ilāhan
इलाह وَٰحِدًا ۖ एक ही wāḥidan
एक ही إِنَّ बेशक inna
बेशक هَـٰذَا ये hādhā
ये لَشَىْءٌ अलबत्ता एक चीज़ है lashayon
अलबत्ता एक चीज़ है عُجَابٌۭ बहुत अजीब ʿujābun
बहुत अजीब ٥ (5)
(5)
क्या उसने बना लिया ٱلْـَٔالِهَةَ बहुत से इलाहों को l-ālihata
बहुत से इलाहों को إِلَـٰهًۭا इलाह ilāhan
इलाह وَٰحِدًا ۖ एक ही wāḥidan
एक ही إِنَّ बेशक inna
बेशक هَـٰذَا ये hādhā
ये لَشَىْءٌ अलबत्ता एक चीज़ है lashayon
अलबत्ता एक चीज़ है عُجَابٌۭ बहुत अजीब ʿujābun
बहुत अजीब ٥ (5)
(5)
क्या उसने सब पूज्यों को एक पूज्य बना दिया? निःसंदेह यह तो बड़े आश्चर्य की बात है।
३८:६
وَٱنطَلَقَ
और चल दिए
wa-inṭalaqa
और चल दिए ٱلْمَلَأُ सरदार l-mala-u
सरदार مِنْهُمْ उनमें से min'hum
उनमें से أَنِ कि ani
कि ٱمْشُوا۟ चलो im'shū
चलो وَٱصْبِرُوا۟ और जमे रहो wa-iṣ'birū
और जमे रहो عَلَىٰٓ over ʿalā
over ءَالِهَتِكُمْ ۖ अपने इलाहों पर ālihatikum
अपने इलाहों पर إِنَّ बेशक inna
बेशक هَـٰذَا ये hādhā
ये لَشَىْءٌۭ अलबत्ता एक चीज़ है lashayon
अलबत्ता एक चीज़ है يُرَادُ जो इरादा की जारही है yurādu
जो इरादा की जारही है ٦ (6)
(6)
और चल दिए ٱلْمَلَأُ सरदार l-mala-u
सरदार مِنْهُمْ उनमें से min'hum
उनमें से أَنِ कि ani
कि ٱمْشُوا۟ चलो im'shū
चलो وَٱصْبِرُوا۟ और जमे रहो wa-iṣ'birū
और जमे रहो عَلَىٰٓ over ʿalā
over ءَالِهَتِكُمْ ۖ अपने इलाहों पर ālihatikum
अपने इलाहों पर إِنَّ बेशक inna
बेशक هَـٰذَا ये hādhā
ये لَشَىْءٌۭ अलबत्ता एक चीज़ है lashayon
अलबत्ता एक चीज़ है يُرَادُ जो इरादा की जारही है yurādu
जो इरादा की जारही है ٦ (6)
(6)
और उनके प्रमुख (यह कहते हुए) चल खड़े हुए कि चलो और अपने पूज्यों पर जमे रहो। निश्चय यह एक ऐसी चीज़ है, जो वांछित (सुनियोजित)1 है।
३८:७
مَا
नहीं
mā
नहीं سَمِعْنَا सुनी हमने samiʿ'nā
सुनी हमने بِهَـٰذَا ये (बात) bihādhā
ये (बात) فِى in fī
in ٱلْمِلَّةِ मिल्लत में l-milati
मिल्लत में ٱلْـَٔاخِرَةِ पिछली l-ākhirati
पिछली إِنْ नहीं in
नहीं هَـٰذَآ ये hādhā
ये إِلَّا मगर illā
मगर ٱخْتِلَـٰقٌ मन गढ़त ikh'tilāqun
मन गढ़त ٧ (7)
(7)
नहीं سَمِعْنَا सुनी हमने samiʿ'nā
सुनी हमने بِهَـٰذَا ये (बात) bihādhā
ये (बात) فِى in fī
in ٱلْمِلَّةِ मिल्लत में l-milati
मिल्लत में ٱلْـَٔاخِرَةِ पिछली l-ākhirati
पिछली إِنْ नहीं in
नहीं هَـٰذَآ ये hādhā
ये إِلَّا मगर illā
मगर ٱخْتِلَـٰقٌ मन गढ़त ikh'tilāqun
मन गढ़त ٧ (7)
(7)
हमने यह बात पिछले धर्म में नहीं सुनी। यह तो मात्र बनाई हुई बात है।
३८:८
أَءُنزِلَ
क्या नाज़िल की गई
a-unzila
क्या नाज़िल की गई عَلَيْهِ उस पर ʿalayhi
उस पर ٱلذِّكْرُ नसीहत l-dhik'ru
नसीहत مِنۢ from min
from بَيْنِنَا ۚ हमारे दर्मियान से bayninā
हमारे दर्मियान से بَلْ बल्कि bal
बल्कि هُمْ वो hum
वो فِى (are) in fī
(are) in شَكٍّۢ शक में हैं shakkin
शक में हैं مِّن about min
about ذِكْرِى ۖ मेरी नसीहत से dhik'rī
मेरी नसीहत से بَل बल्कि bal
बल्कि لَّمَّا अभी तक नहीं lammā
अभी तक नहीं يَذُوقُوا۟ उन्होंने चखा yadhūqū
उन्होंने चखा عَذَابِ अज़ाब मेरा ʿadhābi
अज़ाब मेरा ٨ (8)
(8)
क्या नाज़िल की गई عَلَيْهِ उस पर ʿalayhi
उस पर ٱلذِّكْرُ नसीहत l-dhik'ru
नसीहत مِنۢ from min
from بَيْنِنَا ۚ हमारे दर्मियान से bayninā
हमारे दर्मियान से بَلْ बल्कि bal
बल्कि هُمْ वो hum
वो فِى (are) in fī
(are) in شَكٍّۢ शक में हैं shakkin
शक में हैं مِّن about min
about ذِكْرِى ۖ मेरी नसीहत से dhik'rī
मेरी नसीहत से بَل बल्कि bal
बल्कि لَّمَّا अभी तक नहीं lammā
अभी तक नहीं يَذُوقُوا۟ उन्होंने चखा yadhūqū
उन्होंने चखा عَذَابِ अज़ाब मेरा ʿadhābi
अज़ाब मेरा ٨ (8)
(8)
क्या हमारे बीच से उसी पर उपदेश उतारा गया है? बल्कि वे मेरे उपदेश के बारे में संदेह में हैं। बल्कि उन्होंने अभी तक मेरी यातना नहीं चखी।
३८:९
أَمْ
क्या
am
क्या عِندَهُمْ उनके पास ʿindahum
उनके पास خَزَآئِنُ ख़ज़ाने हैं khazāinu
ख़ज़ाने हैं رَحْمَةِ रहमत के raḥmati
रहमत के رَبِّكَ आपके रब की rabbika
आपके रब की ٱلْعَزِيزِ जो बड़ा ज़बरदस्त हैं l-ʿazīzi
जो बड़ा ज़बरदस्त हैं ٱلْوَهَّابِ बहुत अता करने वाला है l-wahābi
बहुत अता करने वाला है ٩ (9)
(9)
क्या عِندَهُمْ उनके पास ʿindahum
उनके पास خَزَآئِنُ ख़ज़ाने हैं khazāinu
ख़ज़ाने हैं رَحْمَةِ रहमत के raḥmati
रहमत के رَبِّكَ आपके रब की rabbika
आपके रब की ٱلْعَزِيزِ जो बड़ा ज़बरदस्त हैं l-ʿazīzi
जो बड़ा ज़बरदस्त हैं ٱلْوَهَّابِ बहुत अता करने वाला है l-wahābi
बहुत अता करने वाला है ٩ (9)
(9)
क्या उन्हीं के पास आपके अत्यंत प्रभुत्वशाली, परम दाता पालनहार की दया के ख़ज़ाने हैं?
३८:१०
أَمْ
या
am
या لَهُم उनके लिए lahum
उनके लिए مُّلْكُ बादशाहत है mul'ku
बादशाहत है ٱلسَّمَـٰوَٰتِ आसमानों l-samāwāti
आसमानों وَٱلْأَرْضِ और ज़मीन की wal-arḍi
और ज़मीन की وَمَا और जो wamā
और जो بَيْنَهُمَا ۖ दर्मियान है उन दोनों के baynahumā
दर्मियान है उन दोनों के فَلْيَرْتَقُوا۟ पस चाहिए कि वो चढ़ जाऐं falyartaqū
पस चाहिए कि वो चढ़ जाऐं فِى by fī
by ٱلْأَسْبَـٰبِ रास्तों में (आसमान के) l-asbābi
रास्तों में (आसमान के) ١٠ (10)
(10)
या لَهُم उनके लिए lahum
उनके लिए مُّلْكُ बादशाहत है mul'ku
बादशाहत है ٱلسَّمَـٰوَٰتِ आसमानों l-samāwāti
आसमानों وَٱلْأَرْضِ और ज़मीन की wal-arḍi
और ज़मीन की وَمَا और जो wamā
और जो بَيْنَهُمَا ۖ दर्मियान है उन दोनों के baynahumā
दर्मियान है उन दोनों के فَلْيَرْتَقُوا۟ पस चाहिए कि वो चढ़ जाऐं falyartaqū
पस चाहिए कि वो चढ़ जाऐं فِى by fī
by ٱلْأَسْبَـٰبِ रास्तों में (आसमान के) l-asbābi
रास्तों में (आसमान के) ١٠ (10)
(10)
या आकाशों तथा धरती का और उन दोनों के बीच की चीज़ों का राज्य उन्हीं के पास है? तो उन्हें चाहिए कि (आकाशों में) रस्सियाँ तानकर चढ़ जाएँ।1
३८:११
جُندٌۭ
Soldiers
jundun
Soldiers مَّا एक लश्कर हक़ीर सा mā
एक लश्कर हक़ीर सा هُنَالِكَ उसी जगह hunālika
उसी जगह مَهْزُومٌۭ शिकस्त खाने वाला है mahzūmun
शिकस्त खाने वाला है مِّنَ among mina
among ٱلْأَحْزَابِ गिरोहों में से l-aḥzābi
गिरोहों में से ١١ (11)
(11)
Soldiers مَّا एक लश्कर हक़ीर सा mā
एक लश्कर हक़ीर सा هُنَالِكَ उसी जगह hunālika
उसी जगह مَهْزُومٌۭ शिकस्त खाने वाला है mahzūmun
शिकस्त खाने वाला है مِّنَ among mina
among ٱلْأَحْزَابِ गिरोहों में से l-aḥzābi
गिरोहों में से ١١ (11)
(11)
(यह) एक तुच्छ सी सेना है, सेनाओं में से, जो वहाँ पराजित होने वाली है।1
३८:१२
كَذَّبَتْ
झुठलाया
kadhabat
झुठलाया قَبْلَهُمْ उनसे पहले qablahum
उनसे पहले قَوْمُ क़ौमे qawmu
क़ौमे نُوحٍۢ नूह ने nūḥin
नूह ने وَعَادٌۭ और आद waʿādun
और आद وَفِرْعَوْنُ और फ़िरऔन wafir'ʿawnu
और फ़िरऔन ذُو (the) owner dhū
(the) owner ٱلْأَوْتَادِ मेख़ों वाले ने l-awtādi
मेख़ों वाले ने ١٢ (12)
(12)
झुठलाया قَبْلَهُمْ उनसे पहले qablahum
उनसे पहले قَوْمُ क़ौमे qawmu
क़ौमे نُوحٍۢ नूह ने nūḥin
नूह ने وَعَادٌۭ और आद waʿādun
और आद وَفِرْعَوْنُ और फ़िरऔन wafir'ʿawnu
और फ़िरऔन ذُو (the) owner dhū
(the) owner ٱلْأَوْتَادِ मेख़ों वाले ने l-awtādi
मेख़ों वाले ने ١٢ (12)
(12)
इनसे पहले नूह की जाति तथा आद और मेखों वाले (शक्तिमान) फ़िरऔन ने झुठलाया।
३८:१३
وَثَمُودُ
और समूद ने
wathamūdu
और समूद ने وَقَوْمُ और क़ौमे waqawmu
और क़ौमे لُوطٍۢ लूत lūṭin
लूत وَأَصْحَـٰبُ and (the) companions wa-aṣḥābu
and (the) companions لْـَٔيْكَةِ ۚ और ऐका वालों ने al'aykati
और ऐका वालों ने أُو۟لَـٰٓئِكَ यही हैं वो ulāika
यही हैं वो ٱلْأَحْزَابُ गिरोह l-aḥzābu
गिरोह ١٣ (13)
(13)
और समूद ने وَقَوْمُ और क़ौमे waqawmu
और क़ौमे لُوطٍۢ लूत lūṭin
लूत وَأَصْحَـٰبُ and (the) companions wa-aṣḥābu
and (the) companions لْـَٔيْكَةِ ۚ और ऐका वालों ने al'aykati
और ऐका वालों ने أُو۟لَـٰٓئِكَ यही हैं वो ulāika
यही हैं वो ٱلْأَحْزَابُ गिरोह l-aḥzābu
गिरोह ١٣ (13)
(13)
तथा समूद और लूत की जाति तथा ऐका (उपवन) वालों1 ने। यही लोग वे सेनाएँ हैं।
३८:१४
إِن
नहीं
in
नहीं كُلٌّ सबने kullun
सबने إِلَّا मगर illā
मगर كَذَّبَ झुठलाया kadhaba
झुठलाया ٱلرُّسُلَ रसूलों को l-rusula
रसूलों को فَحَقَّ तो साबित हो गई faḥaqqa
तो साबित हो गई عِقَابِ सज़ा मेरी ʿiqābi
सज़ा मेरी ١٤ (14)
(14)
नहीं كُلٌّ सबने kullun
सबने إِلَّا मगर illā
मगर كَذَّبَ झुठलाया kadhaba
झुठलाया ٱلرُّسُلَ रसूलों को l-rusula
रसूलों को فَحَقَّ तो साबित हो गई faḥaqqa
तो साबित हो गई عِقَابِ सज़ा मेरी ʿiqābi
सज़ा मेरी ١٤ (14)
(14)
इन सब ने रसूलों को झुठलाया, तो मेरी यातना सिद्ध हो गई।
३८:१५
وَمَا
और नहीं
wamā
और नहीं يَنظُرُ इन्तिज़ार करते yanẓuru
इन्तिज़ार करते هَـٰٓؤُلَآءِ ये लोग hāulāi
ये लोग إِلَّا मगर illā
मगर صَيْحَةًۭ चिंघाड़ का ṣayḥatan
चिंघाड़ का وَٰحِدَةًۭ एक ही wāḥidatan
एक ही مَّا नहीं (होगा) mā
नहीं (होगा) لَهَا जिसके लिए lahā
जिसके लिए مِن any min
any فَوَاقٍۢ कोई वक़्फ़ा fawāqin
कोई वक़्फ़ा ١٥ (15)
(15)
और नहीं يَنظُرُ इन्तिज़ार करते yanẓuru
इन्तिज़ार करते هَـٰٓؤُلَآءِ ये लोग hāulāi
ये लोग إِلَّا मगर illā
मगर صَيْحَةًۭ चिंघाड़ का ṣayḥatan
चिंघाड़ का وَٰحِدَةًۭ एक ही wāḥidatan
एक ही مَّا नहीं (होगा) mā
नहीं (होगा) لَهَا जिसके लिए lahā
जिसके लिए مِن any min
any فَوَاقٍۢ कोई वक़्फ़ा fawāqin
कोई वक़्फ़ा ١٥ (15)
(15)
और ये लोग केवल एक सख़्त चीख की प्रतीक्षा कर रहे हैं, जिसमें कोई विराम नहीं होगा।
३८:१६
وَقَالُوا۟
और उन्होंने कहा
waqālū
और उन्होंने कहा رَبَّنَا ऐ हमारे रब rabbanā
ऐ हमारे रब عَجِّل जल्दी दे ʿajjil
जल्दी दे لَّنَا हमें lanā
हमें قِطَّنَا हिस्सा हमारा qiṭṭanā
हिस्सा हमारा قَبْلَ पहले qabla
पहले يَوْمِ (the) Day yawmi
(the) Day ٱلْحِسَابِ यौमे हिसाब के l-ḥisābi
यौमे हिसाब के ١٦ (16)
(16)
और उन्होंने कहा رَبَّنَا ऐ हमारे रब rabbanā
ऐ हमारे रब عَجِّل जल्दी दे ʿajjil
जल्दी दे لَّنَا हमें lanā
हमें قِطَّنَا हिस्सा हमारा qiṭṭanā
हिस्सा हमारा قَبْلَ पहले qabla
पहले يَوْمِ (the) Day yawmi
(the) Day ٱلْحِسَابِ यौमे हिसाब के l-ḥisābi
यौमे हिसाब के ١٦ (16)
(16)
तथा उन्होंने कहा : ऐ हमारे पालनहार! हमें हमारा भाग हिसाब के दिन से पहले ही प्रदान कर दे।1
३८:१७
ٱصْبِرْ
सब्र कीजिए
iṣ'bir
सब्र कीजिए عَلَىٰ over ʿalā
over مَا उस पर जो mā
उस पर जो يَقُولُونَ वो कहते हैं yaqūlūna
वो कहते हैं وَٱذْكُرْ और ज़िक्र कीजिए wa-udh'kur
और ज़िक्र कीजिए عَبْدَنَا हमारे बन्दे ʿabdanā
हमारे बन्दे دَاوُۥدَ दाऊद का dāwūda
दाऊद का ذَا the possessor of strength dhā
the possessor of strength ٱلْأَيْدِ ۖ जो क़ुव्वत वाला था l-aydi
जो क़ुव्वत वाला था إِنَّهُۥٓ बेशक वो innahu
बेशक वो أَوَّابٌ बहुत रुजूअ करने वाला था awwābun
बहुत रुजूअ करने वाला था ١٧ (17)
(17)
सब्र कीजिए عَلَىٰ over ʿalā
over مَا उस पर जो mā
उस पर जो يَقُولُونَ वो कहते हैं yaqūlūna
वो कहते हैं وَٱذْكُرْ और ज़िक्र कीजिए wa-udh'kur
और ज़िक्र कीजिए عَبْدَنَا हमारे बन्दे ʿabdanā
हमारे बन्दे دَاوُۥدَ दाऊद का dāwūda
दाऊद का ذَا the possessor of strength dhā
the possessor of strength ٱلْأَيْدِ ۖ जो क़ुव्वत वाला था l-aydi
जो क़ुव्वत वाला था إِنَّهُۥٓ बेशक वो innahu
बेशक वो أَوَّابٌ बहुत रुजूअ करने वाला था awwābun
बहुत रुजूअ करने वाला था ١٧ (17)
(17)
वे जो कुछ कहते हैं उसपर सब्र करें, तथा हमारे बंदे दाऊद को याद करें, जो बड़ी शक्ति वाला था। निश्चय वह (अल्लाह की ओर) बहुत लौटने वाला था।
३८:१८
إِنَّا
बेशक हम
innā
बेशक हम سَخَّرْنَا मुसख़्खर किया हमने sakharnā
मुसख़्खर किया हमने ٱلْجِبَالَ पहाड़ों को l-jibāla
पहाड़ों को مَعَهُۥ साथ उसके maʿahu
साथ उसके يُسَبِّحْنَ वो तस्बीह करते थे yusabbiḥ'na
वो तस्बीह करते थे بِٱلْعَشِىِّ शाम को bil-ʿashiyi
शाम को وَٱلْإِشْرَاقِ और सुबह को wal-ish'rāqi
और सुबह को ١٨ (18)
(18)
बेशक हम سَخَّرْنَا मुसख़्खर किया हमने sakharnā
मुसख़्खर किया हमने ٱلْجِبَالَ पहाड़ों को l-jibāla
पहाड़ों को مَعَهُۥ साथ उसके maʿahu
साथ उसके يُسَبِّحْنَ वो तस्बीह करते थे yusabbiḥ'na
वो तस्बीह करते थे بِٱلْعَشِىِّ शाम को bil-ʿashiyi
शाम को وَٱلْإِشْرَاقِ और सुबह को wal-ish'rāqi
और सुबह को ١٨ (18)
(18)
निःसंदेह हमने पर्वतों को उसके साथ वशीभूत कर दिया था, वे शाम तथा सुबह तस्बीह (पवित्रता गान) करते थे।
३८:१९
وَٱلطَّيْرَ
और परिन्दे
wal-ṭayra
और परिन्दे مَحْشُورَةًۭ ۖ इकट्ठे किए हुए maḥshūratan
इकट्ठे किए हुए كُلٌّۭ सब के सब kullun
सब के सब لَّهُۥٓ उसके लिए lahu
उसके लिए أَوَّابٌۭ रुजूअ करने वाले थे awwābun
रुजूअ करने वाले थे ١٩ (19)
(19)
और परिन्दे مَحْشُورَةًۭ ۖ इकट्ठे किए हुए maḥshūratan
इकट्ठे किए हुए كُلٌّۭ सब के सब kullun
सब के सब لَّهُۥٓ उसके लिए lahu
उसके लिए أَوَّابٌۭ रुजूअ करने वाले थे awwābun
रुजूअ करने वाले थे ١٩ (19)
(19)
तथा पक्षियों को भी, जो एकत्र किए होते। सब उसकी ओर पलटने वाले थे।
३८:२०
وَشَدَدْنَا
और मज़बूत कर दी हमने
washadadnā
और मज़बूत कर दी हमने مُلْكَهُۥ सल्तनत उसकी mul'kahu
सल्तनत उसकी وَءَاتَيْنَـٰهُ और दी हमने उसे waātaynāhu
और दी हमने उसे ٱلْحِكْمَةَ हिकमत l-ḥik'mata
हिकमत وَفَصْلَ और फ़ैसला कुन wafaṣla
और फ़ैसला कुन ٱلْخِطَابِ बात (की सलाहियत) l-khiṭābi
बात (की सलाहियत) ٢٠ (20)
(20)
और मज़बूत कर दी हमने مُلْكَهُۥ सल्तनत उसकी mul'kahu
सल्तनत उसकी وَءَاتَيْنَـٰهُ और दी हमने उसे waātaynāhu
और दी हमने उसे ٱلْحِكْمَةَ हिकमत l-ḥik'mata
हिकमत وَفَصْلَ और फ़ैसला कुन wafaṣla
और फ़ैसला कुन ٱلْخِطَابِ बात (की सलाहियत) l-khiṭābi
बात (की सलाहियत) ٢٠ (20)
(20)
और हमने उसके राज्य को मज़बूत किया और उसे हिकमत (नुबुव्वत) तथा निर्णायक बात कहने की क्षमता प्रदान की।
३८:२१
۞ وَهَلْ
और क्या
wahal
और क्या أَتَىٰكَ आई आपके पास atāka
आई आपके पास نَبَؤُا۟ ख़बर naba-u
ख़बर ٱلْخَصْمِ झगड़ने वालों की l-khaṣmi
झगड़ने वालों की إِذْ जब idh
जब تَسَوَّرُوا۟ वो दीवार फाँद कर आए थे tasawwarū
वो दीवार फाँद कर आए थे ٱلْمِحْرَابَ इबादत ख़ाने में l-miḥ'rāba
इबादत ख़ाने में ٢١ (21)
(21)
और क्या أَتَىٰكَ आई आपके पास atāka
आई आपके पास نَبَؤُا۟ ख़बर naba-u
ख़बर ٱلْخَصْمِ झगड़ने वालों की l-khaṣmi
झगड़ने वालों की إِذْ जब idh
जब تَسَوَّرُوا۟ वो दीवार फाँद कर आए थे tasawwarū
वो दीवार फाँद कर आए थे ٱلْمِحْرَابَ इबादत ख़ाने में l-miḥ'rāba
इबादत ख़ाने में ٢١ (21)
(21)
तथा क्या आपके पास झगड़ने वालों का समाचार आया, जब वे दीवार फाँदकर उपासना-गृह में आ गए?
३८:२२
إِذْ
जब
idh
जब دَخَلُوا۟ वो दाख़िल हुए dakhalū
वो दाख़िल हुए عَلَىٰ upon ʿalā
upon دَاوُۥدَ दाऊद पर dāwūda
दाऊद पर فَفَزِعَ तो वो घबरा गया fafaziʿa
तो वो घबरा गया مِنْهُمْ ۖ उनसे min'hum
उनसे قَالُوا۟ उन्होंने कहा qālū
उन्होंने कहा لَا (Do) not lā
(Do) not تَخَفْ ۖ ना तुम डरो takhaf
ना तुम डरो خَصْمَانِ (हम) दो झगड़ने वाले हैं khaṣmāni
(हम) दो झगड़ने वाले हैं بَغَىٰ ज़्यादती की baghā
ज़्यादती की بَعْضُنَا हमारे बाज़ ने baʿḍunā
हमारे बाज़ ने عَلَىٰ to ʿalā
to بَعْضٍۢ बाज़ पर baʿḍin
बाज़ पर فَٱحْكُم पस फ़ैसला कर दे fa-uḥ'kum
पस फ़ैसला कर दे بَيْنَنَا दर्मियान हमारे baynanā
दर्मियान हमारे بِٱلْحَقِّ साथ हक़ के bil-ḥaqi
साथ हक़ के وَلَا और ना walā
और ना تُشْطِطْ तू बेइन्साफ़ी कर tush'ṭiṭ
तू बेइन्साफ़ी कर وَٱهْدِنَآ और रहनुमाई कर हमारी wa-ih'dinā
और रहनुमाई कर हमारी إِلَىٰ to ilā
to سَوَآءِ तरफ़ सीधे sawāi
तरफ़ सीधे ٱلصِّرَٰطِ रास्ते के l-ṣirāṭi
रास्ते के ٢٢ (22)
(22)
जब دَخَلُوا۟ वो दाख़िल हुए dakhalū
वो दाख़िल हुए عَلَىٰ upon ʿalā
upon دَاوُۥدَ दाऊद पर dāwūda
दाऊद पर فَفَزِعَ तो वो घबरा गया fafaziʿa
तो वो घबरा गया مِنْهُمْ ۖ उनसे min'hum
उनसे قَالُوا۟ उन्होंने कहा qālū
उन्होंने कहा لَا (Do) not lā
(Do) not تَخَفْ ۖ ना तुम डरो takhaf
ना तुम डरो خَصْمَانِ (हम) दो झगड़ने वाले हैं khaṣmāni
(हम) दो झगड़ने वाले हैं بَغَىٰ ज़्यादती की baghā
ज़्यादती की بَعْضُنَا हमारे बाज़ ने baʿḍunā
हमारे बाज़ ने عَلَىٰ to ʿalā
to بَعْضٍۢ बाज़ पर baʿḍin
बाज़ पर فَٱحْكُم पस फ़ैसला कर दे fa-uḥ'kum
पस फ़ैसला कर दे بَيْنَنَا दर्मियान हमारे baynanā
दर्मियान हमारे بِٱلْحَقِّ साथ हक़ के bil-ḥaqi
साथ हक़ के وَلَا और ना walā
और ना تُشْطِطْ तू बेइन्साफ़ी कर tush'ṭiṭ
तू बेइन्साफ़ी कर وَٱهْدِنَآ और रहनुमाई कर हमारी wa-ih'dinā
और रहनुमाई कर हमारी إِلَىٰ to ilā
to سَوَآءِ तरफ़ सीधे sawāi
तरफ़ सीधे ٱلصِّرَٰطِ रास्ते के l-ṣirāṭi
रास्ते के ٢٢ (22)
(22)
जब वे दाऊद के पास अंदर आए, तो वह उनसे घबरा गया। उन्होंने कहा : डरिए नहीं। (हम) दो झगड़ने वाले हैं। हममें से एक ने दूसरे पर अत्याचार किया है। सो आप हमारे बीच सत्य के साथ न्याय कर दें, और अन्याय न करें, तथा हमारी सीधे मार्ग की ओर रहनुमाई करें।
३८:२३
إِنَّ
बेशक
inna
बेशक هَـٰذَآ ये hādhā
ये أَخِى मेरा भाई है akhī
मेरा भाई है لَهُۥ इसकी हैं lahu
इसकी हैं تِسْعٌۭ ninety-nine tis'ʿun
ninety-nine وَتِسْعُونَ निनानवे watis'ʿūna
निनानवे نَعْجَةًۭ दुम्बियाँ naʿjatan
दुम्बियाँ وَلِىَ और मेरे लिए waliya
और मेरे लिए نَعْجَةٌۭ दुम्बी है naʿjatun
दुम्बी है وَٰحِدَةٌۭ एक ही wāḥidatun
एक ही فَقَالَ तो इसने कहा faqāla
तो इसने कहा أَكْفِلْنِيهَا सौंप दे मुझे उसे akfil'nīhā
सौंप दे मुझे उसे وَعَزَّنِى और उसने ग़ल्बा पा लिया मुझ पर waʿazzanī
और उसने ग़ल्बा पा लिया मुझ पर فِى in fī
in ٱلْخِطَابِ गुफ़्तगू में l-khiṭābi
गुफ़्तगू में ٢٣ (23)
(23)
बेशक هَـٰذَآ ये hādhā
ये أَخِى मेरा भाई है akhī
मेरा भाई है لَهُۥ इसकी हैं lahu
इसकी हैं تِسْعٌۭ ninety-nine tis'ʿun
ninety-nine وَتِسْعُونَ निनानवे watis'ʿūna
निनानवे نَعْجَةًۭ दुम्बियाँ naʿjatan
दुम्बियाँ وَلِىَ और मेरे लिए waliya
और मेरे लिए نَعْجَةٌۭ दुम्बी है naʿjatun
दुम्बी है وَٰحِدَةٌۭ एक ही wāḥidatun
एक ही فَقَالَ तो इसने कहा faqāla
तो इसने कहा أَكْفِلْنِيهَا सौंप दे मुझे उसे akfil'nīhā
सौंप दे मुझे उसे وَعَزَّنِى और उसने ग़ल्बा पा लिया मुझ पर waʿazzanī
और उसने ग़ल्बा पा लिया मुझ पर فِى in fī
in ٱلْخِطَابِ गुफ़्तगू में l-khiṭābi
गुफ़्तगू में ٢٣ (23)
(23)
निःसंदेह यह मेरा भाई है। इसके पास निन्नानवे दुंबियाँ हैं और मेरे पास एक दुंबी है। तो इसने कहा कि इसे (भी) मुझे सौंप दे और इसने बात-चीत में मुझे दबा लिया।
३८:२४
قَالَ
उसने कहा
qāla
उसने कहा لَقَدْ अलबत्ता तहक़ीक़ laqad
अलबत्ता तहक़ीक़ ظَلَمَكَ उसने ज़ुल्म किया तुझ पर ẓalamaka
उसने ज़ुल्म किया तुझ पर بِسُؤَالِ सवाल करके bisuāli
सवाल करके نَعْجَتِكَ तेरी दुम्बी का naʿjatika
तेरी दुम्बी का إِلَىٰ to ilā
to نِعَاجِهِۦ ۖ तरफ़ अपनी दुम्बियों के niʿājihi
तरफ़ अपनी दुम्बियों के وَإِنَّ और बेशक wa-inna
और बेशक كَثِيرًۭا बहुत से kathīran
बहुत से مِّنَ of mina
of ٱلْخُلَطَآءِ शिराकत दारों में से l-khulaṭāi
शिराकत दारों में से لَيَبْغِى अलबत्ता ज़्यादती करते हैं layabghī
अलबत्ता ज़्यादती करते हैं بَعْضُهُمْ बाज़ उनके baʿḍuhum
बाज़ उनके عَلَىٰ [on] ʿalā
[on] بَعْضٍ बाज़ पर baʿḍin
बाज़ पर إِلَّا मगर illā
मगर ٱلَّذِينَ वो जो alladhīna
वो जो ءَامَنُوا۟ ईमान लाए āmanū
ईमान लाए وَعَمِلُوا۟ और उन्होंने अमल किए waʿamilū
और उन्होंने अमल किए ٱلصَّـٰلِحَـٰتِ नेक l-ṣāliḥāti
नेक وَقَلِيلٌۭ and few waqalīlun
and few مَّا और कितने थोड़े हैं mā
और कितने थोड़े हैं هُمْ ۗ वो hum
वो وَظَنَّ और समझ गया waẓanna
और समझ गया دَاوُۥدُ दाऊद dāwūdu
दाऊद أَنَّمَا बेशक annamā
बेशक فَتَنَّـٰهُ आज़माया है हमने उसे fatannāhu
आज़माया है हमने उसे فَٱسْتَغْفَرَ पस उसने बख़्शिश माँगी fa-is'taghfara
पस उसने बख़्शिश माँगी رَبَّهُۥ अपने रब से rabbahu
अपने रब से وَخَرَّ और वो गिर पड़ा wakharra
और वो गिर पड़ा رَاكِعًۭا रुकूअ करते हुए rākiʿan
रुकूअ करते हुए وَأَنَابَ ۩ और उसने रुजूअ कर लिया wa-anāba
और उसने रुजूअ कर लिया ٢٤ (24)
(24)
उसने कहा لَقَدْ अलबत्ता तहक़ीक़ laqad
अलबत्ता तहक़ीक़ ظَلَمَكَ उसने ज़ुल्म किया तुझ पर ẓalamaka
उसने ज़ुल्म किया तुझ पर بِسُؤَالِ सवाल करके bisuāli
सवाल करके نَعْجَتِكَ तेरी दुम्बी का naʿjatika
तेरी दुम्बी का إِلَىٰ to ilā
to نِعَاجِهِۦ ۖ तरफ़ अपनी दुम्बियों के niʿājihi
तरफ़ अपनी दुम्बियों के وَإِنَّ और बेशक wa-inna
और बेशक كَثِيرًۭا बहुत से kathīran
बहुत से مِّنَ of mina
of ٱلْخُلَطَآءِ शिराकत दारों में से l-khulaṭāi
शिराकत दारों में से لَيَبْغِى अलबत्ता ज़्यादती करते हैं layabghī
अलबत्ता ज़्यादती करते हैं بَعْضُهُمْ बाज़ उनके baʿḍuhum
बाज़ उनके عَلَىٰ [on] ʿalā
[on] بَعْضٍ बाज़ पर baʿḍin
बाज़ पर إِلَّا मगर illā
मगर ٱلَّذِينَ वो जो alladhīna
वो जो ءَامَنُوا۟ ईमान लाए āmanū
ईमान लाए وَعَمِلُوا۟ और उन्होंने अमल किए waʿamilū
और उन्होंने अमल किए ٱلصَّـٰلِحَـٰتِ नेक l-ṣāliḥāti
नेक وَقَلِيلٌۭ and few waqalīlun
and few مَّا और कितने थोड़े हैं mā
और कितने थोड़े हैं هُمْ ۗ वो hum
वो وَظَنَّ और समझ गया waẓanna
और समझ गया دَاوُۥدُ दाऊद dāwūdu
दाऊद أَنَّمَا बेशक annamā
बेशक فَتَنَّـٰهُ आज़माया है हमने उसे fatannāhu
आज़माया है हमने उसे فَٱسْتَغْفَرَ पस उसने बख़्शिश माँगी fa-is'taghfara
पस उसने बख़्शिश माँगी رَبَّهُۥ अपने रब से rabbahu
अपने रब से وَخَرَّ और वो गिर पड़ा wakharra
और वो गिर पड़ा رَاكِعًۭا रुकूअ करते हुए rākiʿan
रुकूअ करते हुए وَأَنَابَ ۩ और उसने रुजूअ कर लिया wa-anāba
और उसने रुजूअ कर लिया ٢٤ (24)
(24)
उसने कहा : निःसंदेह उसने तेरी दुंबी को अपनी दुंबियों के साथ मिलाने की माँग करके तुझपर अत्याचार किया है। तथा निःसंदेह बहुत-से साझी निश्चय एक-दूसरे पर अत्याचार करते हैं। सिवाय उन लोगों के, जो ईमान लाए और उन्होंने अच्छे कर्म किए और ये लोग बहुत ही कम हैं। और दाऊद ने यक़ीन कर लिया कि हमने उसकी परीक्षा ली है। अतः उसने अपने पालनहार से क्षमा याचना की, तथा सजदे में गिर गया, और (अल्लाह की ओर) वापस लौटा।
३८:२५
فَغَفَرْنَا
पस बख़्श दिया हमने
faghafarnā
पस बख़्श दिया हमने لَهُۥ उसे lahu
उसे ذَٰلِكَ ۖ उसमें dhālika
उसमें وَإِنَّ और बेशक wa-inna
और बेशक لَهُۥ उसके लिए lahu
उसके लिए عِندَنَا हमारे यहाँ ʿindanā
हमारे यहाँ لَزُلْفَىٰ अलबत्ता तक़र्रुब है lazul'fā
अलबत्ता तक़र्रुब है وَحُسْنَ और बेहतर waḥus'na
और बेहतर مَـَٔابٍۢ ठिकाना है maābin
ठिकाना है ٢٥ (25)
(25)
पस बख़्श दिया हमने لَهُۥ उसे lahu
उसे ذَٰلِكَ ۖ उसमें dhālika
उसमें وَإِنَّ और बेशक wa-inna
और बेशक لَهُۥ उसके लिए lahu
उसके लिए عِندَنَا हमारे यहाँ ʿindanā
हमारे यहाँ لَزُلْفَىٰ अलबत्ता तक़र्रुब है lazul'fā
अलबत्ता तक़र्रुब है وَحُسْنَ और बेहतर waḥus'na
और बेहतर مَـَٔابٍۢ ठिकाना है maābin
ठिकाना है ٢٥ (25)
(25)
तो हमने उसकी यह ग़लती क्षमा कर दी और निःसंदेह उसके लिए हमारे पास निश्चय बड़ी निकटता तथा अच्छा ठिकाना है।
३८:२६
يَـٰدَاوُۥدُ
ऐ दाऊद
yādāwūdu
ऐ दाऊद إِنَّا बेशक हम innā
बेशक हम جَعَلْنَـٰكَ बनाया हमने तुझे jaʿalnāka
बनाया हमने तुझे خَلِيفَةًۭ ख़लीफ़ा khalīfatan
ख़लीफ़ा فِى in fī
in ٱلْأَرْضِ ज़मीन में l-arḍi
ज़मीन में فَٱحْكُم पस फ़ैसला कर fa-uḥ'kum
पस फ़ैसला कर بَيْنَ दर्मियान bayna
दर्मियान ٱلنَّاسِ लोगों के l-nāsi
लोगों के بِٱلْحَقِّ साथ हक़ के bil-ḥaqi
साथ हक़ के وَلَا और ना walā
और ना تَتَّبِعِ तू पैरवी कर tattabiʿi
तू पैरवी कर ٱلْهَوَىٰ ख़्वाहिश की l-hawā
ख़्वाहिश की فَيُضِلَّكَ तो वो भटका देगी तुझे fayuḍillaka
तो वो भटका देगी तुझे عَن from ʿan
from سَبِيلِ (the) way sabīli
(the) way ٱللَّهِ ۚ अल्लाह के रास्ते से l-lahi
अल्लाह के रास्ते से إِنَّ बेशक inna
बेशक ٱلَّذِينَ वो जो alladhīna
वो जो يَضِلُّونَ भटकते हैं yaḍillūna
भटकते हैं عَن from ʿan
from سَبِيلِ (the) way sabīli
(the) way ٱللَّهِ अल्लाह के रास्ते से l-lahi
अल्लाह के रास्ते से لَهُمْ उनके लिए lahum
उनके लिए عَذَابٌۭ अज़ाब है ʿadhābun
अज़ाब है شَدِيدٌۢ शदीद shadīdun
शदीद بِمَا बवजह उसके जो bimā
बवजह उसके जो نَسُوا۟ वो भूल गए nasū
वो भूल गए يَوْمَ दिन को yawma
दिन को ٱلْحِسَابِ हिसाब के l-ḥisābi
हिसाब के ٢٦ (26)
(26)
ऐ दाऊद إِنَّا बेशक हम innā
बेशक हम جَعَلْنَـٰكَ बनाया हमने तुझे jaʿalnāka
बनाया हमने तुझे خَلِيفَةًۭ ख़लीफ़ा khalīfatan
ख़लीफ़ा فِى in fī
in ٱلْأَرْضِ ज़मीन में l-arḍi
ज़मीन में فَٱحْكُم पस फ़ैसला कर fa-uḥ'kum
पस फ़ैसला कर بَيْنَ दर्मियान bayna
दर्मियान ٱلنَّاسِ लोगों के l-nāsi
लोगों के بِٱلْحَقِّ साथ हक़ के bil-ḥaqi
साथ हक़ के وَلَا और ना walā
और ना تَتَّبِعِ तू पैरवी कर tattabiʿi
तू पैरवी कर ٱلْهَوَىٰ ख़्वाहिश की l-hawā
ख़्वाहिश की فَيُضِلَّكَ तो वो भटका देगी तुझे fayuḍillaka
तो वो भटका देगी तुझे عَن from ʿan
from سَبِيلِ (the) way sabīli
(the) way ٱللَّهِ ۚ अल्लाह के रास्ते से l-lahi
अल्लाह के रास्ते से إِنَّ बेशक inna
बेशक ٱلَّذِينَ वो जो alladhīna
वो जो يَضِلُّونَ भटकते हैं yaḍillūna
भटकते हैं عَن from ʿan
from سَبِيلِ (the) way sabīli
(the) way ٱللَّهِ अल्लाह के रास्ते से l-lahi
अल्लाह के रास्ते से لَهُمْ उनके लिए lahum
उनके लिए عَذَابٌۭ अज़ाब है ʿadhābun
अज़ाब है شَدِيدٌۢ शदीद shadīdun
शदीद بِمَا बवजह उसके जो bimā
बवजह उसके जो نَسُوا۟ वो भूल गए nasū
वो भूल गए يَوْمَ दिन को yawma
दिन को ٱلْحِسَابِ हिसाब के l-ḥisābi
हिसाब के ٢٦ (26)
(26)
ऐ दाऊद! हमने तुझे धरती में ख़लीफ़ा बनाया है। अतः लोगों के बीच सत्य के साथ निर्णय कर तथा इच्छा का अनुसरण न कर। अन्यथा, वह तुझे अल्लाह की राह से भटका देगी। निःसंदेह जो लोग अल्लाह की राह1 से भटक जाते हैं, उनके लिए कठोर यातना है, इस कारण कि वे हिसाब के दिन को भूल गए।
३८:२७
وَمَا
और नहीं
wamā
और नहीं خَلَقْنَا पैदा किया हमने khalaqnā
पैदा किया हमने ٱلسَّمَآءَ आसमान l-samāa
आसमान وَٱلْأَرْضَ और ज़मीन को wal-arḍa
और ज़मीन को وَمَا और जो wamā
और जो بَيْنَهُمَا उन दोनों के दर्मियान है baynahumā
उन दोनों के दर्मियान है بَـٰطِلًۭا ۚ बातिल bāṭilan
बातिल ذَٰلِكَ ये dhālika
ये ظَنُّ गुमान है ẓannu
गुमान है ٱلَّذِينَ उनका जिन्होंने alladhīna
उनका जिन्होंने كَفَرُوا۟ ۚ कुफ़्र किया kafarū
कुफ़्र किया فَوَيْلٌۭ पस हलाकत है fawaylun
पस हलाकत है لِّلَّذِينَ उनके लिए जिन्होंने lilladhīna
उनके लिए जिन्होंने كَفَرُوا۟ कुफ़्र किया kafarū
कुफ़्र किया مِنَ from mina
from ٱلنَّارِ आग से l-nāri
आग से ٢٧ (27)
(27)
और नहीं خَلَقْنَا पैदा किया हमने khalaqnā
पैदा किया हमने ٱلسَّمَآءَ आसमान l-samāa
आसमान وَٱلْأَرْضَ और ज़मीन को wal-arḍa
और ज़मीन को وَمَا और जो wamā
और जो بَيْنَهُمَا उन दोनों के दर्मियान है baynahumā
उन दोनों के दर्मियान है بَـٰطِلًۭا ۚ बातिल bāṭilan
बातिल ذَٰلِكَ ये dhālika
ये ظَنُّ गुमान है ẓannu
गुमान है ٱلَّذِينَ उनका जिन्होंने alladhīna
उनका जिन्होंने كَفَرُوا۟ ۚ कुफ़्र किया kafarū
कुफ़्र किया فَوَيْلٌۭ पस हलाकत है fawaylun
पस हलाकत है لِّلَّذِينَ उनके लिए जिन्होंने lilladhīna
उनके लिए जिन्होंने كَفَرُوا۟ कुफ़्र किया kafarū
कुफ़्र किया مِنَ from mina
from ٱلنَّارِ आग से l-nāri
आग से ٢٧ (27)
(27)
तथा हमने आकाश और धरती को तथा उन दोनों के बीच की चीज़ों को व्यर्थ नहीं पैदा किया। यह तो उन लोगों का गुमान है, जिन्होंने कुफ़्र किया। तो जिन लोगों ने कुफ़्र किया, उनके लिए आग के रूप में बड़ा विनाश है।
३८:२८
أَمْ
क्या
am
क्या نَجْعَلُ हम कर देंगे najʿalu
हम कर देंगे ٱلَّذِينَ उन्हें जो alladhīna
उन्हें जो ءَامَنُوا۟ ईमान लाए āmanū
ईमान लाए وَعَمِلُوا۟ और उन्होंने अमल किए waʿamilū
और उन्होंने अमल किए ٱلصَّـٰلِحَـٰتِ नेक l-ṣāliḥāti
नेक كَٱلْمُفْسِدِينَ फ़साद करने वालों की तरह kal-muf'sidīna
फ़साद करने वालों की तरह فِى in fī
in ٱلْأَرْضِ ज़मीन में l-arḍi
ज़मीन में أَمْ या am
या نَجْعَلُ हम कर देंगे najʿalu
हम कर देंगे ٱلْمُتَّقِينَ मुत्तक़ी लोगों को l-mutaqīna
मुत्तक़ी लोगों को كَٱلْفُجَّارِ बदकारों की तरह kal-fujāri
बदकारों की तरह ٢٨ (28)
(28)
क्या نَجْعَلُ हम कर देंगे najʿalu
हम कर देंगे ٱلَّذِينَ उन्हें जो alladhīna
उन्हें जो ءَامَنُوا۟ ईमान लाए āmanū
ईमान लाए وَعَمِلُوا۟ और उन्होंने अमल किए waʿamilū
और उन्होंने अमल किए ٱلصَّـٰلِحَـٰتِ नेक l-ṣāliḥāti
नेक كَٱلْمُفْسِدِينَ फ़साद करने वालों की तरह kal-muf'sidīna
फ़साद करने वालों की तरह فِى in fī
in ٱلْأَرْضِ ज़मीन में l-arḍi
ज़मीन में أَمْ या am
या نَجْعَلُ हम कर देंगे najʿalu
हम कर देंगे ٱلْمُتَّقِينَ मुत्तक़ी लोगों को l-mutaqīna
मुत्तक़ी लोगों को كَٱلْفُجَّارِ बदकारों की तरह kal-fujāri
बदकारों की तरह ٢٨ (28)
(28)
क्या हम उन लोगों को जो ईमान लाए और उन्होंने अच्छे कर्म किए, धरती में बिगाड़ पैदा करने वालों के समान कर देंगे? या क्या हम परहेज़गारों को दुराचारियों के समान1 कर देंगे?
३८:२९
كِتَـٰبٌ
एक किताब है
kitābun
एक किताब है أَنزَلْنَـٰهُ नाज़िल किया हमने उसे anzalnāhu
नाज़िल किया हमने उसे إِلَيْكَ आपकी तरफ़ ilayka
आपकी तरफ़ مُبَـٰرَكٌۭ बाबरकत है mubārakun
बाबरकत है لِّيَدَّبَّرُوٓا۟ ताकि वो ग़ौरो फ़िक्र करें liyaddabbarū
ताकि वो ग़ौरो फ़िक्र करें ءَايَـٰتِهِۦ उसकी आयात में āyātihi
उसकी आयात में وَلِيَتَذَكَّرَ और ताकि नसीहत पकड़ें waliyatadhakkara
और ताकि नसीहत पकड़ें أُو۟لُوا۟ those of understanding ulū
those of understanding ٱلْأَلْبَـٰبِ अक़्ल वाले l-albābi
अक़्ल वाले ٢٩ (29)
(29)
एक किताब है أَنزَلْنَـٰهُ नाज़िल किया हमने उसे anzalnāhu
नाज़िल किया हमने उसे إِلَيْكَ आपकी तरफ़ ilayka
आपकी तरफ़ مُبَـٰرَكٌۭ बाबरकत है mubārakun
बाबरकत है لِّيَدَّبَّرُوٓا۟ ताकि वो ग़ौरो फ़िक्र करें liyaddabbarū
ताकि वो ग़ौरो फ़िक्र करें ءَايَـٰتِهِۦ उसकी आयात में āyātihi
उसकी आयात में وَلِيَتَذَكَّرَ और ताकि नसीहत पकड़ें waliyatadhakkara
और ताकि नसीहत पकड़ें أُو۟لُوا۟ those of understanding ulū
those of understanding ٱلْأَلْبَـٰبِ अक़्ल वाले l-albābi
अक़्ल वाले ٢٩ (29)
(29)
यह (क़ुरआन) एक पुस्तक है, हमने इसे आपकी ओर उतारा है, बहुत बरकत वाली है, ताकि वे इसकी आयतों पर विचार करें, और ताकि बुद्धि वाले लोग (इससे) उपदेश ग्रहण करें।
३८:३०
وَوَهَبْنَا
और अता किया हमने
wawahabnā
और अता किया हमने لِدَاوُۥدَ दाऊद को lidāwūda
दाऊद को سُلَيْمَـٰنَ ۚ सुलैमान sulaymāna
सुलैमान نِعْمَ कितना अच्छा niʿ'ma
कितना अच्छा ٱلْعَبْدُ ۖ बन्दा l-ʿabdu
बन्दा إِنَّهُۥٓ बेशक वो innahu
बेशक वो أَوَّابٌ बहुत रुजूअ करने वाला था awwābun
बहुत रुजूअ करने वाला था ٣٠ (30)
(30)
और अता किया हमने لِدَاوُۥدَ दाऊद को lidāwūda
दाऊद को سُلَيْمَـٰنَ ۚ सुलैमान sulaymāna
सुलैमान نِعْمَ कितना अच्छा niʿ'ma
कितना अच्छा ٱلْعَبْدُ ۖ बन्दा l-ʿabdu
बन्दा إِنَّهُۥٓ बेशक वो innahu
बेशक वो أَوَّابٌ बहुत रुजूअ करने वाला था awwābun
बहुत रुजूअ करने वाला था ٣٠ (30)
(30)
तथा हमने दाऊद को सुलैमान (नामक पुत्र) प्रदान किया। वह बहुत अच्छा बंदा था। निःसंदेह वह (अल्लाह की ओर) बहुत लौटने वाला था।
३८:३१
إِذْ
जब
idh
जब عُرِضَ पेश किए गए ʿuriḍa
पेश किए गए عَلَيْهِ उस पर ʿalayhi
उस पर بِٱلْعَشِىِّ शाम के वक़्त bil-ʿashiyi
शाम के वक़्त ٱلصَّـٰفِنَـٰتُ असील घोड़े l-ṣāfinātu
असील घोड़े ٱلْجِيَادُ उम्दा l-jiyādu
उम्दा ٣١ (31)
(31)
जब عُرِضَ पेश किए गए ʿuriḍa
पेश किए गए عَلَيْهِ उस पर ʿalayhi
उस पर بِٱلْعَشِىِّ शाम के वक़्त bil-ʿashiyi
शाम के वक़्त ٱلصَّـٰفِنَـٰتُ असील घोड़े l-ṣāfinātu
असील घोड़े ٱلْجِيَادُ उम्दा l-jiyādu
उम्दा ٣١ (31)
(31)
जब उसके समक्ष संध्या के समय असली तेज़गाम घोड़े प्रस्तुत किए गए।
३८:३२
فَقَالَ
तो उसने कहा
faqāla
तो उसने कहा إِنِّىٓ बेशक मैं innī
बेशक मैं أَحْبَبْتُ महबूब रखा मैं ने aḥbabtu
महबूब रखा मैं ने حُبَّ मुहब्बत को ḥubba
मुहब्बत को ٱلْخَيْرِ माल की l-khayri
माल की عَن over ʿan
over ذِكْرِ याद की वजह से dhik'ri
याद की वजह से رَبِّى अपने रब की rabbī
अपने रब की حَتَّىٰ यहाँ तक कि ḥattā
यहाँ तक कि تَوَارَتْ वो छुप गए tawārat
वो छुप गए بِٱلْحِجَابِ परदे में bil-ḥijābi
परदे में ٣٢ (32)
(32)
तो उसने कहा إِنِّىٓ बेशक मैं innī
बेशक मैं أَحْبَبْتُ महबूब रखा मैं ने aḥbabtu
महबूब रखा मैं ने حُبَّ मुहब्बत को ḥubba
मुहब्बत को ٱلْخَيْرِ माल की l-khayri
माल की عَن over ʿan
over ذِكْرِ याद की वजह से dhik'ri
याद की वजह से رَبِّى अपने रब की rabbī
अपने रब की حَتَّىٰ यहाँ तक कि ḥattā
यहाँ तक कि تَوَارَتْ वो छुप गए tawārat
वो छुप गए بِٱلْحِجَابِ परदे में bil-ḥijābi
परदे में ٣٢ (32)
(32)
तो उसने कहा : मैंने इस धन (घोड़ों) के प्रेम को अपने पालनहार की याद पर प्राथमिकता दी। यहाँ तक कि सूरज ग़ायब हो गया।
३८:३३
رُدُّوهَا
फेर लाओ उन्हें
ruddūhā
फेर लाओ उन्हें عَلَىَّ ۖ मुझ पर ʿalayya
मुझ पर فَطَفِقَ तो लगा faṭafiqa
तो लगा مَسْحًۢا हाथ फेरने masḥan
हाथ फेरने بِٱلسُّوقِ पिंडलियों पर bil-sūqi
पिंडलियों पर وَٱلْأَعْنَاقِ और गर्दनों पर wal-aʿnāqi
और गर्दनों पर ٣٣ (33)
(33)
फेर लाओ उन्हें عَلَىَّ ۖ मुझ पर ʿalayya
मुझ पर فَطَفِقَ तो लगा faṭafiqa
तो लगा مَسْحًۢا हाथ फेरने masḥan
हाथ फेरने بِٱلسُّوقِ पिंडलियों पर bil-sūqi
पिंडलियों पर وَٱلْأَعْنَاقِ और गर्दनों पर wal-aʿnāqi
और गर्दनों पर ٣٣ (33)
(33)
उन्हें मेरे पास वापस लाओ। फिर वह उनकी पिंडलियों तथा गर्दनों पर (तलवार) फेरने लगे।
३८:३४
وَلَقَدْ
और अलबत्ता तहक़ीक
walaqad
और अलबत्ता तहक़ीक فَتَنَّا आज़माया हमने fatannā
आज़माया हमने سُلَيْمَـٰنَ सुलैमान को sulaymāna
सुलैमान को وَأَلْقَيْنَا और डाल दिया हमने wa-alqaynā
और डाल दिया हमने عَلَىٰ on ʿalā
on كُرْسِيِّهِۦ उसकी कुर्सी पर kur'siyyihi
उसकी कुर्सी पर جَسَدًۭا एक जिस्म jasadan
एक जिस्म ثُمَّ फिर thumma
फिर أَنَابَ उसने रुजूअ कर लिया anāba
उसने रुजूअ कर लिया ٣٤ (34)
(34)
और अलबत्ता तहक़ीक فَتَنَّا आज़माया हमने fatannā
आज़माया हमने سُلَيْمَـٰنَ सुलैमान को sulaymāna
सुलैमान को وَأَلْقَيْنَا और डाल दिया हमने wa-alqaynā
और डाल दिया हमने عَلَىٰ on ʿalā
on كُرْسِيِّهِۦ उसकी कुर्सी पर kur'siyyihi
उसकी कुर्सी पर جَسَدًۭا एक जिस्म jasadan
एक जिस्म ثُمَّ फिर thumma
फिर أَنَابَ उसने रुजूअ कर लिया anāba
उसने रुजूअ कर लिया ٣٤ (34)
(34)
तथा निःसंदेह हमने सुलैमान की परीक्षा ली1 और उसके सिंहासन पर एक शरीर डाल दिया। फिर वह अल्लाह की ओर पलटा।
३८:३५
قَالَ
उसने कहा
qāla
उसने कहा رَبِّ ऐ मेरे रब rabbi
ऐ मेरे रब ٱغْفِرْ बख़्श दे igh'fir
बख़्श दे لِى मुझे lī
मुझे وَهَبْ और अता कर wahab
और अता कर لِى मुझे lī
मुझे مُلْكًۭا ऐसी बादशाहत mul'kan
ऐसी बादशाहत لَّا not lā
not يَنۢبَغِى ना हासिल हो yanbaghī
ना हासिल हो لِأَحَدٍۢ किसी एक को li-aḥadin
किसी एक को مِّنۢ after me min
after me بَعْدِىٓ ۖ मेरे बाद baʿdī
मेरे बाद إِنَّكَ बेशक innaka
बेशक أَنتَ तू ही है anta
तू ही है ٱلْوَهَّابُ बहुत अता करने वाला l-wahābu
बहुत अता करने वाला ٣٥ (35)
(35)
उसने कहा رَبِّ ऐ मेरे रब rabbi
ऐ मेरे रब ٱغْفِرْ बख़्श दे igh'fir
बख़्श दे لِى मुझे lī
मुझे وَهَبْ और अता कर wahab
और अता कर لِى मुझे lī
मुझे مُلْكًۭا ऐसी बादशाहत mul'kan
ऐसी बादशाहत لَّا not lā
not يَنۢبَغِى ना हासिल हो yanbaghī
ना हासिल हो لِأَحَدٍۢ किसी एक को li-aḥadin
किसी एक को مِّنۢ after me min
after me بَعْدِىٓ ۖ मेरे बाद baʿdī
मेरे बाद إِنَّكَ बेशक innaka
बेशक أَنتَ तू ही है anta
तू ही है ٱلْوَهَّابُ बहुत अता करने वाला l-wahābu
बहुत अता करने वाला ٣٥ (35)
(35)
उसने कहा : ऐ मेरे पालनहार! मुझे क्षमा कर दे तथा मुझे ऐसा राज्य प्रदान कर, जो मेरे बाद किसी के लिए उचित न हो। निश्चय तू ही बड़ा दाता है।
३८:३६
فَسَخَّرْنَا
तो मुसख़्खर किया हमने
fasakharnā
तो मुसख़्खर किया हमने لَهُ उसके लिए lahu
उसके लिए ٱلرِّيحَ हवा को l-rīḥa
हवा को تَجْرِى जो चलती थी tajrī
जो चलती थी بِأَمْرِهِۦ उसके हुक्म से bi-amrihi
उसके हुक्म से رُخَآءً नर्मी से rukhāan
नर्मी से حَيْثُ जहाँ ḥaythu
जहाँ أَصَابَ वो पहुँचना चाहता aṣāba
वो पहुँचना चाहता ٣٦ (36)
(36)
तो मुसख़्खर किया हमने لَهُ उसके लिए lahu
उसके लिए ٱلرِّيحَ हवा को l-rīḥa
हवा को تَجْرِى जो चलती थी tajrī
जो चलती थी بِأَمْرِهِۦ उसके हुक्म से bi-amrihi
उसके हुक्म से رُخَآءً नर्मी से rukhāan
नर्मी से حَيْثُ जहाँ ḥaythu
जहाँ أَصَابَ वो पहुँचना चाहता aṣāba
वो पहुँचना चाहता ٣٦ (36)
(36)
तो हमने वायु को उसके लिए वशीभूत कर दिया, जो उसके आदेश से कोमलता से चलती थी, जहाँ वह जाना चाहता।
३८:३७
وَٱلشَّيَـٰطِينَ
और सरकश जिन्नों को
wal-shayāṭīna
और सरकश जिन्नों को كُلَّ हर तरह के kulla
हर तरह के بَنَّآءٍۢ मेअमार bannāin
मेअमार وَغَوَّاصٍۢ और ग़ोता ख़ोर waghawwāṣin
और ग़ोता ख़ोर ٣٧ (37)
(37)
और सरकश जिन्नों को كُلَّ हर तरह के kulla
हर तरह के بَنَّآءٍۢ मेअमार bannāin
मेअमार وَغَوَّاصٍۢ और ग़ोता ख़ोर waghawwāṣin
और ग़ोता ख़ोर ٣٧ (37)
(37)
तथा शैतानों को, (भी वशीभूत कर दिया) जो हर प्रकार के कुशल निर्माता तथा माहिर ग़ोताख़ोर थे।
३८:३८
وَءَاخَرِينَ
और कुछ दूसरे
waākharīna
और कुछ दूसरे مُقَرَّنِينَ जकड़े हुए muqarranīna
जकड़े हुए فِى in fī
in ٱلْأَصْفَادِ बेड़ियों में l-aṣfādi
बेड़ियों में ٣٨ (38)
(38)
और कुछ दूसरे مُقَرَّنِينَ जकड़े हुए muqarranīna
जकड़े हुए فِى in fī
in ٱلْأَصْفَادِ बेड़ियों में l-aṣfādi
बेड़ियों में ٣٨ (38)
(38)
तथा कुछ दूसरों को भी (वशीभूत कर दिया), जो बेड़ियों में इकट्ठे जकड़े हुए थे।
३८:३९
هَـٰذَا
ये है
hādhā
ये है عَطَآؤُنَا बख़्शिश हमारी ʿaṭāunā
बख़्शिश हमारी فَٱمْنُنْ पस एहसान करो fa-um'nun
पस एहसान करो أَوْ या aw
या أَمْسِكْ रोक लो amsik
रोक लो بِغَيْرِ बग़ैर bighayri
बग़ैर حِسَابٍۢ हिसाब के ḥisābin
हिसाब के ٣٩ (39)
(39)
ये है عَطَآؤُنَا बख़्शिश हमारी ʿaṭāunā
बख़्शिश हमारी فَٱمْنُنْ पस एहसान करो fa-um'nun
पस एहसान करो أَوْ या aw
या أَمْسِكْ रोक लो amsik
रोक लो بِغَيْرِ बग़ैर bighayri
बग़ैर حِسَابٍۢ हिसाब के ḥisābin
हिसाब के ٣٩ (39)
(39)
(ऐ सुलैमान!) यह हमारा प्रदान है। अब उपकार करो अथवा रोक रखो, कोई हिसाब न होगा।
३८:४०
وَإِنَّ
और बेशक
wa-inna
और बेशक لَهُۥ उसके लिए lahu
उसके लिए عِندَنَا हमारे पास ʿindanā
हमारे पास لَزُلْفَىٰ अलबत्ता तक़र्रुब है lazul'fā
अलबत्ता तक़र्रुब है وَحُسْنَ और बेहतरीन waḥus'na
और बेहतरीन مَـَٔابٍۢ ठिकाना है maābin
ठिकाना है ٤٠ (40)
(40)
और बेशक لَهُۥ उसके लिए lahu
उसके लिए عِندَنَا हमारे पास ʿindanā
हमारे पास لَزُلْفَىٰ अलबत्ता तक़र्रुब है lazul'fā
अलबत्ता तक़र्रुब है وَحُسْنَ और बेहतरीन waḥus'na
और बेहतरीन مَـَٔابٍۢ ठिकाना है maābin
ठिकाना है ٤٠ (40)
(40)
और निःसंदेह उसके लिए हमारे पास निश्चय बड़ी निकटता तथा अच्छा ठिकाना है।
३८:४१
وَٱذْكُرْ
और ज़िक्र कीजिए
wa-udh'kur
और ज़िक्र कीजिए عَبْدَنَآ हमारे बन्दे ʿabdanā
हमारे बन्दे أَيُّوبَ अय्यूब का ayyūba
अय्यूब का إِذْ जब idh
जब نَادَىٰ उसने पुकारा nādā
उसने पुकारा رَبَّهُۥٓ अपने रब को rabbahu
अपने रब को أَنِّى बेशक मुझे annī
बेशक मुझे مَسَّنِىَ पहुँचाई मुझे massaniya
पहुँचाई मुझे ٱلشَّيْطَـٰنُ शैतान ने l-shayṭānu
शैतान ने بِنُصْبٍۢ तकलीफ़ binuṣ'bin
तकलीफ़ وَعَذَابٍ और अज़ाब waʿadhābin
और अज़ाब ٤١ (41)
(41)
और ज़िक्र कीजिए عَبْدَنَآ हमारे बन्दे ʿabdanā
हमारे बन्दे أَيُّوبَ अय्यूब का ayyūba
अय्यूब का إِذْ जब idh
जब نَادَىٰ उसने पुकारा nādā
उसने पुकारा رَبَّهُۥٓ अपने रब को rabbahu
अपने रब को أَنِّى बेशक मुझे annī
बेशक मुझे مَسَّنِىَ पहुँचाई मुझे massaniya
पहुँचाई मुझे ٱلشَّيْطَـٰنُ शैतान ने l-shayṭānu
शैतान ने بِنُصْبٍۢ तकलीफ़ binuṣ'bin
तकलीफ़ وَعَذَابٍ और अज़ाब waʿadhābin
और अज़ाब ٤١ (41)
(41)
तथा हमारे बंदे अय्यूब को याद करो। जब उसने अपने पालनहार को पुकारा कि निःसंदेह शैतान ने मुझे दुःख तथा कष्ट पहुँचाया1 है।
३८:४२
ٱرْكُضْ
मार
ur'kuḍ
मार بِرِجْلِكَ ۖ पाँव अपना birij'lika
पाँव अपना هَـٰذَا ये hādhā
ये مُغْتَسَلٌۢ नहाने का पानी है mugh'tasalun
नहाने का पानी है بَارِدٌۭ ठंडा bāridun
ठंडा وَشَرَابٌۭ और पीने का पानी washarābun
और पीने का पानी ٤٢ (42)
(42)
मार بِرِجْلِكَ ۖ पाँव अपना birij'lika
पाँव अपना هَـٰذَا ये hādhā
ये مُغْتَسَلٌۢ नहाने का पानी है mugh'tasalun
नहाने का पानी है بَارِدٌۭ ठंडा bāridun
ठंडा وَشَرَابٌۭ और पीने का पानी washarābun
और पीने का पानी ٤٢ (42)
(42)
अपना पाँव (धरती पर) मार। यह स्नान का तथा पीने का शीतल जल है।
३८:४३
وَوَهَبْنَا
और अता किए हमने
wawahabnā
और अता किए हमने لَهُۥٓ उसे lahu
उसे أَهْلَهُۥ उसके घर वाले ahlahu
उसके घर वाले وَمِثْلَهُم और मानिन्द उनके wamith'lahum
और मानिन्द उनके مَّعَهُمْ साथ उनके maʿahum
साथ उनके رَحْمَةًۭ बतौरे रहमत raḥmatan
बतौरे रहमत مِّنَّا हमारी तरफ़ से minnā
हमारी तरफ़ से وَذِكْرَىٰ और एक नसीहत wadhik'rā
और एक नसीहत لِأُو۟لِى for those of understanding li-ulī
for those of understanding ٱلْأَلْبَـٰبِ अक़्ल वालों के लिए l-albābi
अक़्ल वालों के लिए ٤٣ (43)
(43)
और अता किए हमने لَهُۥٓ उसे lahu
उसे أَهْلَهُۥ उसके घर वाले ahlahu
उसके घर वाले وَمِثْلَهُم और मानिन्द उनके wamith'lahum
और मानिन्द उनके مَّعَهُمْ साथ उनके maʿahum
साथ उनके رَحْمَةًۭ बतौरे रहमत raḥmatan
बतौरे रहमत مِّنَّا हमारी तरफ़ से minnā
हमारी तरफ़ से وَذِكْرَىٰ और एक नसीहत wadhik'rā
और एक नसीहत لِأُو۟لِى for those of understanding li-ulī
for those of understanding ٱلْأَلْبَـٰبِ अक़्ल वालों के लिए l-albābi
अक़्ल वालों के लिए ٤٣ (43)
(43)
और हमने उसे उसके घर वाले दे दिए तथा उनके साथ उतने और भी। हमारी ओर से दया के रूप में और बुद्धि वालों के लिए उपदेश के रूप में।
३८:४४
وَخُذْ
और ले ले
wakhudh
और ले ले بِيَدِكَ अपने हाथ से biyadika
अपने हाथ से ضِغْثًۭا तिनकों का एक मुठ्ठा ḍigh'than
तिनकों का एक मुठ्ठा فَٱضْرِب फिर मार fa-iḍ'rib
फिर मार بِّهِۦ साथ उसके bihi
साथ उसके وَلَا और ना walā
और ना تَحْنَثْ ۗ तू क़सम तोड़ taḥnath
तू क़सम तोड़ إِنَّا बेशक हम innā
बेशक हम وَجَدْنَـٰهُ पाया हमने उसे wajadnāhu
पाया हमने उसे صَابِرًۭا ۚ साबिर ṣābiran
साबिर نِّعْمَ कितना अच्छा niʿ'ma
कितना अच्छा ٱلْعَبْدُ ۖ बन्दा l-ʿabdu
बन्दा إِنَّهُۥٓ बेशक वो innahu
बेशक वो أَوَّابٌۭ बहुत रुजूअ करने वाला था awwābun
बहुत रुजूअ करने वाला था ٤٤ (44)
(44)
और ले ले بِيَدِكَ अपने हाथ से biyadika
अपने हाथ से ضِغْثًۭا तिनकों का एक मुठ्ठा ḍigh'than
तिनकों का एक मुठ्ठा فَٱضْرِب फिर मार fa-iḍ'rib
फिर मार بِّهِۦ साथ उसके bihi
साथ उसके وَلَا और ना walā
और ना تَحْنَثْ ۗ तू क़सम तोड़ taḥnath
तू क़सम तोड़ إِنَّا बेशक हम innā
बेशक हम وَجَدْنَـٰهُ पाया हमने उसे wajadnāhu
पाया हमने उसे صَابِرًۭا ۚ साबिर ṣābiran
साबिर نِّعْمَ कितना अच्छा niʿ'ma
कितना अच्छा ٱلْعَبْدُ ۖ बन्दा l-ʿabdu
बन्दा إِنَّهُۥٓ बेशक वो innahu
बेशक वो أَوَّابٌۭ बहुत रुजूअ करने वाला था awwābun
बहुत रुजूअ करने वाला था ٤٤ (44)
(44)
तथा अपने हाथ में तिनकों का एक मुट्ठा ले और उससे मार दे और अपनी क़सम न तोड़।1 निःसंदेह हमने उसे धैर्य करने वाला पाया, अच्छा बंदा था। निश्चय वह अल्लाह की तरफ़ बहुत ज़्यादा लौटने वाला था।
३८:४५
وَٱذْكُرْ
और ज़िक्र करो
wa-udh'kur
और ज़िक्र करो عِبَـٰدَنَآ हमारे बन्दों ʿibādanā
हमारे बन्दों إِبْرَٰهِيمَ इब्राहीम ib'rāhīma
इब्राहीम وَإِسْحَـٰقَ और इस्हाक़ wa-is'ḥāqa
और इस्हाक़ وَيَعْقُوبَ और याक़ूब का wayaʿqūba
और याक़ूब का أُو۟لِى possessors ulī
possessors ٱلْأَيْدِى जो हाथों वाले l-aydī
जो हाथों वाले وَٱلْأَبْصَـٰرِ और आँखों वाले थे wal-abṣāri
और आँखों वाले थे ٤٥ (45)
(45)
और ज़िक्र करो عِبَـٰدَنَآ हमारे बन्दों ʿibādanā
हमारे बन्दों إِبْرَٰهِيمَ इब्राहीम ib'rāhīma
इब्राहीम وَإِسْحَـٰقَ और इस्हाक़ wa-is'ḥāqa
और इस्हाक़ وَيَعْقُوبَ और याक़ूब का wayaʿqūba
और याक़ूब का أُو۟لِى possessors ulī
possessors ٱلْأَيْدِى जो हाथों वाले l-aydī
जो हाथों वाले وَٱلْأَبْصَـٰرِ और आँखों वाले थे wal-abṣāri
और आँखों वाले थे ٤٥ (45)
(45)
तथा हमारे बंदों इबराहीम और इसहाक़ और याक़ूब को याद करो, जो हाथों (शक्ति) वाले और आँखों (अंतर्दृष्टि)1 वाले थे।
३८:४६
إِنَّآ
बेशक हम
innā
बेशक हम أَخْلَصْنَـٰهُم ख़ालिस कर लिया था हमने उन्हें akhlaṣnāhum
ख़ालिस कर लिया था हमने उन्हें بِخَالِصَةٍۢ साथ ख़ास सिफ़त के bikhāliṣatin
साथ ख़ास सिफ़त के ذِكْرَى (जो) याद थी dhik'rā
(जो) याद थी ٱلدَّارِ असल घर की l-dāri
असल घर की ٤٦ (46)
(46)
बेशक हम أَخْلَصْنَـٰهُم ख़ालिस कर लिया था हमने उन्हें akhlaṣnāhum
ख़ालिस कर लिया था हमने उन्हें بِخَالِصَةٍۢ साथ ख़ास सिफ़त के bikhāliṣatin
साथ ख़ास सिफ़त के ذِكْرَى (जो) याद थी dhik'rā
(जो) याद थी ٱلدَّارِ असल घर की l-dāri
असल घर की ٤٦ (46)
(46)
हमने उन्हें एक खास विशेषता के साथ चुन लिया, जो असल घर (आख़िरत) की याद है।
३८:४७
وَإِنَّهُمْ
और बेशक वो
wa-innahum
और बेशक वो عِندَنَا हमारे नज़दीक ʿindanā
हमारे नज़दीक لَمِنَ (are) from lamina
(are) from ٱلْمُصْطَفَيْنَ अलबत्ता चुने हुओं में से थे l-muṣ'ṭafayna
अलबत्ता चुने हुओं में से थे ٱلْأَخْيَارِ जो नेक थे l-akhyāri
जो नेक थे ٤٧ (47)
(47)
और बेशक वो عِندَنَا हमारे नज़दीक ʿindanā
हमारे नज़दीक لَمِنَ (are) from lamina
(are) from ٱلْمُصْطَفَيْنَ अलबत्ता चुने हुओं में से थे l-muṣ'ṭafayna
अलबत्ता चुने हुओं में से थे ٱلْأَخْيَارِ जो नेक थे l-akhyāri
जो नेक थे ٤٧ (47)
(47)
और निःसंदेह वे हमारे निकट चुने हुए बेहतरीन लोगों में से थे।
३८:४८
وَٱذْكُرْ
और ज़िक्र कीजिए
wa-udh'kur
और ज़िक्र कीजिए إِسْمَـٰعِيلَ इस्माईल is'māʿīla
इस्माईल وَٱلْيَسَعَ और यसा wal-yasaʿa
और यसा وَذَا and Dhul-kifl wadhā
and Dhul-kifl ٱلْكِفْلِ ۖ और जुलकिफ़्ल का l-kif'li
और जुलकिफ़्ल का وَكُلٌّۭ और वो सब wakullun
और वो सब مِّنَ (are) from mina
(are) from ٱلْأَخْيَارِ नेक लोगों में से थे l-akhyāri
नेक लोगों में से थे ٤٨ (48)
(48)
और ज़िक्र कीजिए إِسْمَـٰعِيلَ इस्माईल is'māʿīla
इस्माईल وَٱلْيَسَعَ और यसा wal-yasaʿa
और यसा وَذَا and Dhul-kifl wadhā
and Dhul-kifl ٱلْكِفْلِ ۖ और जुलकिफ़्ल का l-kif'li
और जुलकिफ़्ल का وَكُلٌّۭ और वो सब wakullun
और वो सब مِّنَ (are) from mina
(are) from ٱلْأَخْيَارِ नेक लोगों में से थे l-akhyāri
नेक लोगों में से थे ٤٨ (48)
(48)
तथा आप इसमाईल, अल-यसअ् एवं ज़ुल्-किफ़्ल को याद करें और ये सब बेहतरीन लोगों में से थे।
३८:४९
هَـٰذَا
ये
hādhā
ये ذِكْرٌۭ ۚ एक ज़िक्र है dhik'run
एक ज़िक्र है وَإِنَّ और बेशक wa-inna
और बेशक لِلْمُتَّقِينَ मुत्तक़ी लोगों के लिए lil'muttaqīna
मुत्तक़ी लोगों के लिए لَحُسْنَ अलबत्ता अच्छा है laḥus'na
अलबत्ता अच्छा है مَـَٔابٍۢ ठिकाना maābin
ठिकाना ٤٩ (49)
(49)
ये ذِكْرٌۭ ۚ एक ज़िक्र है dhik'run
एक ज़िक्र है وَإِنَّ और बेशक wa-inna
और बेशक لِلْمُتَّقِينَ मुत्तक़ी लोगों के लिए lil'muttaqīna
मुत्तक़ी लोगों के लिए لَحُسْنَ अलबत्ता अच्छा है laḥus'na
अलबत्ता अच्छा है مَـَٔابٍۢ ठिकाना maābin
ठिकाना ٤٩ (49)
(49)
यह एक उपदेश है। तथा निश्चय ही डर रखने वालों के लिए अच्छा ठिकाना है।
३८:५०
جَنَّـٰتِ
बाग़ात
jannāti
बाग़ात عَدْنٍۢ हमेशगी के ʿadnin
हमेशगी के مُّفَتَّحَةًۭ खुले होंगे mufattaḥatan
खुले होंगे لَّهُمُ उनके लिए lahumu
उनके लिए ٱلْأَبْوَٰبُ दरवाज़े l-abwābu
दरवाज़े ٥٠ (50)
(50)
बाग़ात عَدْنٍۢ हमेशगी के ʿadnin
हमेशगी के مُّفَتَّحَةًۭ खुले होंगे mufattaḥatan
खुले होंगे لَّهُمُ उनके लिए lahumu
उनके लिए ٱلْأَبْوَٰبُ दरवाज़े l-abwābu
दरवाज़े ٥٠ (50)
(50)
सदैव रहने के बाग़, इस हाल में कि उनके लिए द्वार पूरे खोले हुए होंगे।
३८:५१
مُتَّكِـِٔينَ
तकिया लगाए हुए होंगे
muttakiīna
तकिया लगाए हुए होंगे فِيهَا उनमें fīhā
उनमें يَدْعُونَ वो तलब करेंगे yadʿūna
वो तलब करेंगे فِيهَا उनमें fīhā
उनमें بِفَـٰكِهَةٍۢ फल bifākihatin
फल كَثِيرَةٍۢ बहुत से kathīratin
बहुत से وَشَرَابٍۢ और मशरूबात washarābin
और मशरूबात ٥١ (51)
(51)
तकिया लगाए हुए होंगे فِيهَا उनमें fīhā
उनमें يَدْعُونَ वो तलब करेंगे yadʿūna
वो तलब करेंगे فِيهَا उनमें fīhā
उनमें بِفَـٰكِهَةٍۢ फल bifākihatin
फल كَثِيرَةٍۢ बहुत से kathīratin
बहुत से وَشَرَابٍۢ और मशरूबात washarābin
और मशरूबात ٥١ (51)
(51)
उनमें तकिए लगाए हुए होंगे। वे उनमें बहुत-से फल तथा पेय मँगवा रहे होंगे।।
३८:५२
۞ وَعِندَهُمْ
और उनके पास होंगी
waʿindahum
और उनके पास होंगी قَـٰصِرَٰتُ नीची रखने वालियाँ qāṣirātu
नीची रखने वालियाँ ٱلطَّرْفِ निगाहों को l-ṭarfi
निगाहों को أَتْرَابٌ हम उमर atrābun
हम उमर ٥٢ (52)
(52)
और उनके पास होंगी قَـٰصِرَٰتُ नीची रखने वालियाँ qāṣirātu
नीची रखने वालियाँ ٱلطَّرْفِ निगाहों को l-ṭarfi
निगाहों को أَتْرَابٌ हम उमर atrābun
हम उमर ٥٢ (52)
(52)
तथा उनके पास निगाहें सीमित रखने वाली, एक-सी आयु वाली स्त्रियाँ होंगी।
३८:५३
هَـٰذَا
ये है
hādhā
ये है مَا वो जिसका mā
वो जिसका تُوعَدُونَ तुम वादा किए जाते थे tūʿadūna
तुम वादा किए जाते थे لِيَوْمِ दिन के लिए liyawmi
दिन के लिए ٱلْحِسَابِ हिसाब के l-ḥisābi
हिसाब के ٥٣ (53)
(53)
ये है مَا वो जिसका mā
वो जिसका تُوعَدُونَ तुम वादा किए जाते थे tūʿadūna
तुम वादा किए जाते थे لِيَوْمِ दिन के लिए liyawmi
दिन के लिए ٱلْحِسَابِ हिसाब के l-ḥisābi
हिसाब के ٥٣ (53)
(53)
यह है जिसका हिसाब के दिन के लिए तुमसे वादा किया जाता है।
३८:५४
إِنَّ
बेशक
inna
बेशक هَـٰذَا ये hādhā
ये لَرِزْقُنَا अलबत्ता रिज़्क़ है हमारा lariz'qunā
अलबत्ता रिज़्क़ है हमारा مَا नहीं है mā
नहीं है لَهُۥ उसके लिए lahu
उसके लिए مِن any min
any نَّفَادٍ कभी ख़त्म होना nafādin
कभी ख़त्म होना ٥٤ (54)
(54)
बेशक هَـٰذَا ये hādhā
ये لَرِزْقُنَا अलबत्ता रिज़्क़ है हमारा lariz'qunā
अलबत्ता रिज़्क़ है हमारा مَا नहीं है mā
नहीं है لَهُۥ उसके लिए lahu
उसके लिए مِن any min
any نَّفَادٍ कभी ख़त्म होना nafādin
कभी ख़त्म होना ٥٤ (54)
(54)
निःसंदेह यह हमारी जीविका है, जो कभी समाप्त न होगी।
३८:५५
هَـٰذَا ۚ
ये है (बदला)
hādhā
ये है (बदला) وَإِنَّ और बेशक wa-inna
और बेशक لِلطَّـٰغِينَ सरकश लोगों के लिए lilṭṭāghīna
सरकश लोगों के लिए لَشَرَّ अलबत्ता बुरा है lasharra
अलबत्ता बुरा है مَـَٔابٍۢ ठिकाना maābin
ठिकाना ٥٥ (55)
(55)
ये है (बदला) وَإِنَّ और बेशक wa-inna
और बेशक لِلطَّـٰغِينَ सरकश लोगों के लिए lilṭṭāghīna
सरकश लोगों के लिए لَشَرَّ अलबत्ता बुरा है lasharra
अलबत्ता बुरा है مَـَٔابٍۢ ठिकाना maābin
ठिकाना ٥٥ (55)
(55)
यह है (डरने वालो का बदला), और निःसंदेह सरकशों के लिए निश्चय बहुत बुरा ठिकाना है।
३८:५६
جَهَنَّمَ
जहन्नम
jahannama
जहन्नम يَصْلَوْنَهَا वो जलेंगे उसमें yaṣlawnahā
वो जलेंगे उसमें فَبِئْسَ तो बहुत बुरा है fabi'sa
तो बहुत बुरा है ٱلْمِهَادُ ठिकाना l-mihādu
ठिकाना ٥٦ (56)
(56)
जहन्नम يَصْلَوْنَهَا वो जलेंगे उसमें yaṣlawnahā
वो जलेंगे उसमें فَبِئْسَ तो बहुत बुरा है fabi'sa
तो बहुत बुरा है ٱلْمِهَادُ ठिकाना l-mihādu
ठिकाना ٥٦ (56)
(56)
(वह) जहन्नम है, वे उसमें प्रवेश करेंगे। सो वह बहुत बुरा बिछौना है।
३८:५७
هَـٰذَا
ये है (बदला)
hādhā
ये है (बदला) فَلْيَذُوقُوهُ पस चाहिए कि वो चखें उसे falyadhūqūhu
पस चाहिए कि वो चखें उसे حَمِيمٌۭ खौलता हुआ पानी ḥamīmun
खौलता हुआ पानी وَغَسَّاقٌۭ और पीप waghassāqun
और पीप ٥٧ (57)
(57)
ये है (बदला) فَلْيَذُوقُوهُ पस चाहिए कि वो चखें उसे falyadhūqūhu
पस चाहिए कि वो चखें उसे حَمِيمٌۭ खौलता हुआ पानी ḥamīmun
खौलता हुआ पानी وَغَسَّاقٌۭ और पीप waghassāqun
और पीप ٥٧ (57)
(57)
यह है (सज़ा), सो वे उसे चखें, खौलता पानी और पीप।
३८:५८
وَءَاخَرُ
और कुछ दूसरे
waākharu
और कुछ दूसरे مِن of min
of شَكْلِهِۦٓ उसकी शक्ल के shaklihi
उसकी शक्ल के أَزْوَٰجٌ कई क़िस्मों के azwājun
कई क़िस्मों के ٥٨ (58)
(58)
और कुछ दूसरे مِن of min
of شَكْلِهِۦٓ उसकी शक्ल के shaklihi
उसकी शक्ल के أَزْوَٰجٌ कई क़िस्मों के azwājun
कई क़िस्मों के ٥٨ (58)
(58)
तथा इसी प्रकार की कुछ अन्य विभिन्न यातनाएँ।
३८:५९
هَـٰذَا
ये
hādhā
ये فَوْجٌۭ एक फ़ौज/ लश्कर है fawjun
एक फ़ौज/ लश्कर है مُّقْتَحِمٌۭ घुसने वाला है muq'taḥimun
घुसने वाला है مَّعَكُمْ ۖ साथ तुम्हारे maʿakum
साथ तुम्हारे لَا No lā
No مَرْحَبًۢا नहीं कोई ख़ुश आमदीद marḥaban
नहीं कोई ख़ुश आमदीद بِهِمْ ۚ उन्हें bihim
उन्हें إِنَّهُمْ बेशक वो innahum
बेशक वो صَالُوا۟ जलने वाले हैं ṣālū
जलने वाले हैं ٱلنَّارِ आग में l-nāri
आग में ٥٩ (59)
(59)
ये فَوْجٌۭ एक फ़ौज/ लश्कर है fawjun
एक फ़ौज/ लश्कर है مُّقْتَحِمٌۭ घुसने वाला है muq'taḥimun
घुसने वाला है مَّعَكُمْ ۖ साथ तुम्हारे maʿakum
साथ तुम्हारे لَا No lā
No مَرْحَبًۢا नहीं कोई ख़ुश आमदीद marḥaban
नहीं कोई ख़ुश आमदीद بِهِمْ ۚ उन्हें bihim
उन्हें إِنَّهُمْ बेशक वो innahum
बेशक वो صَالُوا۟ जलने वाले हैं ṣālū
जलने वाले हैं ٱلنَّارِ आग में l-nāri
आग में ٥٩ (59)
(59)
यह1 एक जत्था है, जो तुम्हारे साथ घुसता चला आने वाला है। उनका कोई स्वागत नहीं। निश्चय ये जहन्नम में प्रवेश करने वाले हैं।
३८:६०
قَالُوا۟
वो कहेंगे
qālū
वो कहेंगे بَلْ बल्कि bal
बल्कि أَنتُمْ तुम antum
तुम لَا ना lā
ना مَرْحَبًۢا नहीं कोई ख़ुश आमदीद marḥaban
नहीं कोई ख़ुश आमदीद بِكُمْ ۖ तुम्हें bikum
तुम्हें أَنتُمْ तुम ही antum
तुम ही قَدَّمْتُمُوهُ आगे लाए तुम उसे qaddamtumūhu
आगे लाए तुम उसे لَنَا ۖ हमारे लिए lanā
हमारे लिए فَبِئْسَ तो कितनी बुरी है fabi'sa
तो कितनी बुरी है ٱلْقَرَارُ जाय क़रार l-qarāru
जाय क़रार ٦٠ (60)
(60)
वो कहेंगे بَلْ बल्कि bal
बल्कि أَنتُمْ तुम antum
तुम لَا ना lā
ना مَرْحَبًۢا नहीं कोई ख़ुश आमदीद marḥaban
नहीं कोई ख़ुश आमदीद بِكُمْ ۖ तुम्हें bikum
तुम्हें أَنتُمْ तुम ही antum
तुम ही قَدَّمْتُمُوهُ आगे लाए तुम उसे qaddamtumūhu
आगे लाए तुम उसे لَنَا ۖ हमारे लिए lanā
हमारे लिए فَبِئْسَ तो कितनी बुरी है fabi'sa
तो कितनी बुरी है ٱلْقَرَارُ जाय क़रार l-qarāru
जाय क़रार ٦٠ (60)
(60)
वे उत्तर देंगे : बल्कि तुम हो, तुम्हारा कोई स्वागत नहीं। तुम ही इसे हमारे आगे लाए हो। सो यह बुरा ठिकाना है।
३८:६१
قَالُوا۟
वो कहेंगे
qālū
वो कहेंगे رَبَّنَا ऐ हमारे रब rabbanā
ऐ हमारे रब مَن जो man
जो قَدَّمَ आगे लाया qaddama
आगे लाया لَنَا हमारे lanā
हमारे هَـٰذَا ये hādhā
ये فَزِدْهُ पस ज़्यादा दे उसे fazid'hu
पस ज़्यादा दे उसे عَذَابًۭا अज़ाब ʿadhāban
अज़ाब ضِعْفًۭا कई गुना ḍiʿ'fan
कई गुना فِى in fī
in ٱلنَّارِ आग में l-nāri
आग में ٦١ (61)
(61)
वो कहेंगे رَبَّنَا ऐ हमारे रब rabbanā
ऐ हमारे रब مَن जो man
जो قَدَّمَ आगे लाया qaddama
आगे लाया لَنَا हमारे lanā
हमारे هَـٰذَا ये hādhā
ये فَزِدْهُ पस ज़्यादा दे उसे fazid'hu
पस ज़्यादा दे उसे عَذَابًۭا अज़ाब ʿadhāban
अज़ाब ضِعْفًۭا कई गुना ḍiʿ'fan
कई गुना فِى in fī
in ٱلنَّارِ आग में l-nāri
आग में ٦١ (61)
(61)
(फिर) वे कहेंगे : ऐ हमारे पालनहार! जो इसे हमारे आगे लाया है, तू उसे जहन्नम में दोगुनी यातना दे।
३८:६२
وَقَالُوا۟
और वो कहेंगे
waqālū
और वो कहेंगे مَا क्या है mā
क्या है لَنَا हमारे लिए lanā
हमारे लिए لَا not lā
not نَرَىٰ नहीं हम देखते narā
नहीं हम देखते رِجَالًۭا कुछ लोगों को rijālan
कुछ लोगों को كُنَّا थे हम kunnā
थे हम نَعُدُّهُم शुमार करते उन्हें naʿudduhum
शुमार करते उन्हें مِّنَ among mina
among ٱلْأَشْرَارِ शरीर लोगों में से l-ashrāri
शरीर लोगों में से ٦٢ (62)
(62)
और वो कहेंगे مَا क्या है mā
क्या है لَنَا हमारे लिए lanā
हमारे लिए لَا not lā
not نَرَىٰ नहीं हम देखते narā
नहीं हम देखते رِجَالًۭا कुछ लोगों को rijālan
कुछ लोगों को كُنَّا थे हम kunnā
थे हम نَعُدُّهُم शुमार करते उन्हें naʿudduhum
शुमार करते उन्हें مِّنَ among mina
among ٱلْأَشْرَارِ शरीर लोगों में से l-ashrāri
शरीर लोगों में से ٦٢ (62)
(62)
तथा वे कहेंगे : हमें क्या हुआ कि हम उन लोगों को नहीं देख रहे हैं, जिनकी गणना हम बुरे लोगों में किया करते थे?
३८:६३
أَتَّخَذْنَـٰهُمْ
क्या बना लिया हमने उनको
attakhadhnāhum
क्या बना लिया हमने उनको سِخْرِيًّا मज़ाक़ sikh'riyyan
मज़ाक़ أَمْ या am
या زَاغَتْ कज हो गईं zāghat
कज हो गईं عَنْهُمُ उनसे ʿanhumu
उनसे ٱلْأَبْصَـٰرُ निगाहें l-abṣāru
निगाहें ٦٣ (63)
(63)
क्या बना लिया हमने उनको سِخْرِيًّا मज़ाक़ sikh'riyyan
मज़ाक़ أَمْ या am
या زَاغَتْ कज हो गईं zāghat
कज हो गईं عَنْهُمُ उनसे ʿanhumu
उनसे ٱلْأَبْصَـٰرُ निगाहें l-abṣāru
निगाहें ٦٣ (63)
(63)
क्या हमने उन्हें मज़ाक़ बनाए रखा, या हमारी आँखें उनसे फिर गई हैं?
३८:६४
إِنَّ
बेशक
inna
बेशक ذَٰلِكَ ये dhālika
ये لَحَقٌّۭ अलबत्ता हक़ है laḥaqqun
अलबत्ता हक़ है تَخَاصُمُ बाहम झगड़ना takhāṣumu
बाहम झगड़ना أَهْلِ (of the) people ahli
(of the) people ٱلنَّارِ आग वालों का l-nāri
आग वालों का ٦٤ (64)
(64)
बेशक ذَٰلِكَ ये dhālika
ये لَحَقٌّۭ अलबत्ता हक़ है laḥaqqun
अलबत्ता हक़ है تَخَاصُمُ बाहम झगड़ना takhāṣumu
बाहम झगड़ना أَهْلِ (of the) people ahli
(of the) people ٱلنَّارِ आग वालों का l-nāri
आग वालों का ٦٤ (64)
(64)
निःसंदेह यह जहन्नमियों का आपस में झगड़ना निश्चय सत्य है।
३८:६५
قُلْ
कह दीजिए
qul
कह दीजिए إِنَّمَآ बेशक innamā
बेशक أَنَا۠ मैं anā
मैं مُنذِرٌۭ ۖ डराने वाला हूँ mundhirun
डराने वाला हूँ وَمَا और नहीं wamā
और नहीं مِنْ (is there) any min
(is there) any إِلَـٰهٍ कोई इलाह (बरहक़) ilāhin
कोई इलाह (बरहक़) إِلَّا सिवाए illā
सिवाए ٱللَّهُ अल्लाह के l-lahu
अल्लाह के ٱلْوَٰحِدُ जो एक है l-wāḥidu
जो एक है ٱلْقَهَّارُ बहुत ज़बरदस्त है l-qahāru
बहुत ज़बरदस्त है ٦٥ (65)
(65)
कह दीजिए إِنَّمَآ बेशक innamā
बेशक أَنَا۠ मैं anā
मैं مُنذِرٌۭ ۖ डराने वाला हूँ mundhirun
डराने वाला हूँ وَمَا और नहीं wamā
और नहीं مِنْ (is there) any min
(is there) any إِلَـٰهٍ कोई इलाह (बरहक़) ilāhin
कोई इलाह (बरहक़) إِلَّا सिवाए illā
सिवाए ٱللَّهُ अल्लाह के l-lahu
अल्लाह के ٱلْوَٰحِدُ जो एक है l-wāḥidu
जो एक है ٱلْقَهَّارُ बहुत ज़बरदस्त है l-qahāru
बहुत ज़बरदस्त है ٦٥ (65)
(65)
(ऐ नबी!) आप कह दें : मैं तो मात्र एक डराने वाला1 हूँ, तथा अल्लाह के सिवा कोई (सच्चा) पूज्य नहीं, जो एक है, परम प्रभुत्वशाली है।
३८:६६
رَبُّ
रब है
rabbu
रब है ٱلسَّمَـٰوَٰتِ आसमानों l-samāwāti
आसमानों وَٱلْأَرْضِ और ज़मीन का wal-arḍi
और ज़मीन का وَمَا और जो कुछ wamā
और जो कुछ بَيْنَهُمَا उन दोनों के दर्मियान है baynahumā
उन दोनों के दर्मियान है ٱلْعَزِيزُ जो बहुत ज़बरदस्त है l-ʿazīzu
जो बहुत ज़बरदस्त है ٱلْغَفَّـٰرُ बहुत बख़्शिश फ़रमाने वाला है l-ghafāru
बहुत बख़्शिश फ़रमाने वाला है ٦٦ (66)
(66)
रब है ٱلسَّمَـٰوَٰتِ आसमानों l-samāwāti
आसमानों وَٱلْأَرْضِ और ज़मीन का wal-arḍi
और ज़मीन का وَمَا और जो कुछ wamā
और जो कुछ بَيْنَهُمَا उन दोनों के दर्मियान है baynahumā
उन दोनों के दर्मियान है ٱلْعَزِيزُ जो बहुत ज़बरदस्त है l-ʿazīzu
जो बहुत ज़बरदस्त है ٱلْغَفَّـٰرُ बहुत बख़्शिश फ़रमाने वाला है l-ghafāru
बहुत बख़्शिश फ़रमाने वाला है ٦٦ (66)
(66)
जो आकाशों का तथा धरती का पालनहार है और उन चीज़ों का जो उन दोनों के बीच है, सब पर प्रभुत्वशाली, अत्यंत क्षमाशील है।
३८:६७
قُلْ
कह दीजिए
qul
कह दीजिए هُوَ वो huwa
वो نَبَؤٌا۟ एक ख़बर है naba-on
एक ख़बर है عَظِيمٌ बहुत बड़ी ʿaẓīmun
बहुत बड़ी ٦٧ (67)
(67)
कह दीजिए هُوَ वो huwa
वो نَبَؤٌا۟ एक ख़बर है naba-on
एक ख़बर है عَظِيمٌ बहुत बड़ी ʿaẓīmun
बहुत बड़ी ٦٧ (67)
(67)
आप कह दें कि वह1 एक बहुत बड़ी सूचना है।
३८:६८
أَنتُمْ
तुम
antum
तुम عَنْهُ उससे ʿanhu
उससे مُعْرِضُونَ ऐराज़ करने वाले हो muʿ'riḍūna
ऐराज़ करने वाले हो ٦٨ (68)
(68)
तुम عَنْهُ उससे ʿanhu
उससे مُعْرِضُونَ ऐराज़ करने वाले हो muʿ'riḍūna
ऐराज़ करने वाले हो ٦٨ (68)
(68)
जिससे तुम मुँह फेरने वाले हो।
३८:६९
مَا
नहीं
mā
नहीं كَانَ है kāna
है لِىَ मुझे liya
मुझे مِنْ any min
any عِلْمٍۭ कोई इल्म ʿil'min
कोई इल्म بِٱلْمَلَإِ (of) the chiefs bil-mala-i
(of) the chiefs ٱلْأَعْلَىٰٓ मलाए आला/ मुक़र्रब फ़रिश्तों का l-aʿlā
मलाए आला/ मुक़र्रब फ़रिश्तों का إِذْ जब idh
जब يَخْتَصِمُونَ वो झगड़ते है yakhtaṣimūna
वो झगड़ते है ٦٩ (69)
(69)
नहीं كَانَ है kāna
है لِىَ मुझे liya
मुझे مِنْ any min
any عِلْمٍۭ कोई इल्म ʿil'min
कोई इल्म بِٱلْمَلَإِ (of) the chiefs bil-mala-i
(of) the chiefs ٱلْأَعْلَىٰٓ मलाए आला/ मुक़र्रब फ़रिश्तों का l-aʿlā
मलाए आला/ मुक़र्रब फ़रिश्तों का إِذْ जब idh
जब يَخْتَصِمُونَ वो झगड़ते है yakhtaṣimūna
वो झगड़ते है ٦٩ (69)
(69)
मुझे उच्च सभा (मलए आ'ला) का कभी कुछ ज्ञान नहीं, जब वे वाद-विवाद करते हैं।
३८:७०
إِن
नहीं
in
नहीं يُوحَىٰٓ वही की जाती yūḥā
वही की जाती إِلَىَّ मेरी तरफ़ ilayya
मेरी तरफ़ إِلَّآ मगर illā
मगर أَنَّمَآ ये कि annamā
ये कि أَنَا۠ मैं तो anā
मैं तो نَذِيرٌۭ डराने वाला हूँ nadhīrun
डराने वाला हूँ مُّبِينٌ खुल्लम-खुल्ला mubīnun
खुल्लम-खुल्ला ٧٠ (70)
(70)
नहीं يُوحَىٰٓ वही की जाती yūḥā
वही की जाती إِلَىَّ मेरी तरफ़ ilayya
मेरी तरफ़ إِلَّآ मगर illā
मगर أَنَّمَآ ये कि annamā
ये कि أَنَا۠ मैं तो anā
मैं तो نَذِيرٌۭ डराने वाला हूँ nadhīrun
डराने वाला हूँ مُّبِينٌ खुल्लम-खुल्ला mubīnun
खुल्लम-खुल्ला ٧٠ (70)
(70)
मेरी ओर तो मात्र इसलिए वह़्य (प्रकाशना) की जाती है कि मैं खुला सचेत करने वाला हूँ।
३८:७१
إِذْ
जब
idh
जब قَالَ फ़रमाया qāla
फ़रमाया رَبُّكَ आपके रब ने rabbuka
आपके रब ने لِلْمَلَـٰٓئِكَةِ फ़रिश्तों से lil'malāikati
फ़रिश्तों से إِنِّى बेशक मैं innī
बेशक मैं خَـٰلِقٌۢ पैदा करने वाला हूँ khāliqun
पैदा करने वाला हूँ بَشَرًۭا एक बशर को basharan
एक बशर को مِّن from min
from طِينٍۢ मिट्टी से ṭīnin
मिट्टी से ٧١ (71)
(71)
जब قَالَ फ़रमाया qāla
फ़रमाया رَبُّكَ आपके रब ने rabbuka
आपके रब ने لِلْمَلَـٰٓئِكَةِ फ़रिश्तों से lil'malāikati
फ़रिश्तों से إِنِّى बेशक मैं innī
बेशक मैं خَـٰلِقٌۢ पैदा करने वाला हूँ khāliqun
पैदा करने वाला हूँ بَشَرًۭا एक बशर को basharan
एक बशर को مِّن from min
from طِينٍۢ मिट्टी से ṭīnin
मिट्टी से ٧١ (71)
(71)
जब आपके पालनहार ने फ़रिश्तों से कहा : निःसंदेह मैं मिट्टी से एक मनुष्य पैदा करने वाला हूँ।
३८:७२
فَإِذَا
फिर जब
fa-idhā
फिर जब سَوَّيْتُهُۥ दुरुस्त कर दूँ मैं उसे sawwaytuhu
दुरुस्त कर दूँ मैं उसे وَنَفَخْتُ और फूँक दूँ मैं wanafakhtu
और फूँक दूँ मैं فِيهِ उसमें fīhi
उसमें مِن of min
of رُّوحِى अपनी रूह से rūḥī
अपनी रूह से فَقَعُوا۟ तो गिर पड़ना faqaʿū
तो गिर पड़ना لَهُۥ उसके लिए lahu
उसके लिए سَـٰجِدِينَ सजदा करते हुए sājidīna
सजदा करते हुए ٧٢ (72)
(72)
फिर जब سَوَّيْتُهُۥ दुरुस्त कर दूँ मैं उसे sawwaytuhu
दुरुस्त कर दूँ मैं उसे وَنَفَخْتُ और फूँक दूँ मैं wanafakhtu
और फूँक दूँ मैं فِيهِ उसमें fīhi
उसमें مِن of min
of رُّوحِى अपनी रूह से rūḥī
अपनी रूह से فَقَعُوا۟ तो गिर पड़ना faqaʿū
तो गिर पड़ना لَهُۥ उसके लिए lahu
उसके लिए سَـٰجِدِينَ सजदा करते हुए sājidīna
सजदा करते हुए ٧٢ (72)
(72)
तो जब मैं उसे पूरा बना चुकूँ और उसमें अपनी आत्मा फूँक दूँ, तो तुम उसके सामने सजदा करते हुए गिर जाओ।
३८:७३
فَسَجَدَ
तो सजदा किया
fasajada
तो सजदा किया ٱلْمَلَـٰٓئِكَةُ फ़रिश्तों ने l-malāikatu
फ़रिश्तों ने كُلُّهُمْ उन सब ने kulluhum
उन सब ने أَجْمَعُونَ इकट्ठे ajmaʿūna
इकट्ठे ٧٣ (73)
(73)
तो सजदा किया ٱلْمَلَـٰٓئِكَةُ फ़रिश्तों ने l-malāikatu
फ़रिश्तों ने كُلُّهُمْ उन सब ने kulluhum
उन सब ने أَجْمَعُونَ इकट्ठे ajmaʿūna
इकट्ठे ٧٣ (73)
(73)
तो सब के सब फ़रिश्तों ने सजदा किया।
३८:७४
إِلَّآ
सिवाए
illā
सिवाए إِبْلِيسَ इब्लीस के ib'līsa
इब्लीस के ٱسْتَكْبَرَ उसने तकब्बुर किया is'takbara
उसने तकब्बुर किया وَكَانَ और हो गया वो wakāna
और हो गया वो مِنَ of mina
of ٱلْكَـٰفِرِينَ काफ़िरों में से l-kāfirīna
काफ़िरों में से ٧٤ (74)
(74)
सिवाए إِبْلِيسَ इब्लीस के ib'līsa
इब्लीस के ٱسْتَكْبَرَ उसने तकब्बुर किया is'takbara
उसने तकब्बुर किया وَكَانَ और हो गया वो wakāna
और हो गया वो مِنَ of mina
of ٱلْكَـٰفِرِينَ काफ़िरों में से l-kāfirīna
काफ़िरों में से ٧٤ (74)
(74)
सिवाय इबलीस के। उसने अभिमान किया और काफ़िरों में से हो गया।
३८:७५
قَالَ
फ़रमाया
qāla
फ़रमाया يَـٰٓإِبْلِيسُ ऐ इब्लीस yāib'līsu
ऐ इब्लीस مَا किस चीज़ ने mā
किस चीज़ ने مَنَعَكَ रोका तुझे manaʿaka
रोका तुझे أَن इससे कि an
इससे कि تَسْجُدَ तू सजदा करे tasjuda
तू सजदा करे لِمَا उसको जिसे limā
उसको जिसे خَلَقْتُ पैदा किया मैं ने khalaqtu
पैदा किया मैं ने بِيَدَىَّ ۖ अपने दोनों हाथों से biyadayya
अपने दोनों हाथों से أَسْتَكْبَرْتَ क्या तकब्बुर किया तू ने astakbarta
क्या तकब्बुर किया तू ने أَمْ या am
या كُنتَ था तू kunta
था तू مِنَ of mina
of ٱلْعَالِينَ बुलन्द मरतबा लोगों में से l-ʿālīna
बुलन्द मरतबा लोगों में से ٧٥ (75)
(75)
फ़रमाया يَـٰٓإِبْلِيسُ ऐ इब्लीस yāib'līsu
ऐ इब्लीस مَا किस चीज़ ने mā
किस चीज़ ने مَنَعَكَ रोका तुझे manaʿaka
रोका तुझे أَن इससे कि an
इससे कि تَسْجُدَ तू सजदा करे tasjuda
तू सजदा करे لِمَا उसको जिसे limā
उसको जिसे خَلَقْتُ पैदा किया मैं ने khalaqtu
पैदा किया मैं ने بِيَدَىَّ ۖ अपने दोनों हाथों से biyadayya
अपने दोनों हाथों से أَسْتَكْبَرْتَ क्या तकब्बुर किया तू ने astakbarta
क्या तकब्बुर किया तू ने أَمْ या am
या كُنتَ था तू kunta
था तू مِنَ of mina
of ٱلْعَالِينَ बुलन्द मरतबा लोगों में से l-ʿālīna
बुलन्द मरतबा लोगों में से ٧٥ (75)
(75)
(अल्लाह ने) कहा : ऐ इबलीस! तूझे किस चीज़ ने रोका कि तू उसके लिए सजदा करे जिसे मैंने अपने दोनों हाथों से बनाया? क्या तू बड़ा बन गया, या तू था ही ऊँचे लोगों में से?
३८:७६
قَالَ
उसने कहा
qāla
उसने कहा أَنَا۠ मैं anā
मैं خَيْرٌۭ बेहतर हूँ khayrun
बेहतर हूँ مِّنْهُ ۖ उससे min'hu
उससे خَلَقْتَنِى पैदा किया तू ने मुझे khalaqtanī
पैदा किया तू ने मुझे مِن from min
from نَّارٍۢ आग से nārin
आग से وَخَلَقْتَهُۥ और पैदा किया तू ने उसे wakhalaqtahu
और पैदा किया तू ने उसे مِن from min
from طِينٍۢ मिट्टी से ṭīnin
मिट्टी से ٧٦ (76)
(76)
उसने कहा أَنَا۠ मैं anā
मैं خَيْرٌۭ बेहतर हूँ khayrun
बेहतर हूँ مِّنْهُ ۖ उससे min'hu
उससे خَلَقْتَنِى पैदा किया तू ने मुझे khalaqtanī
पैदा किया तू ने मुझे مِن from min
from نَّارٍۢ आग से nārin
आग से وَخَلَقْتَهُۥ और पैदा किया तू ने उसे wakhalaqtahu
और पैदा किया तू ने उसे مِن from min
from طِينٍۢ मिट्टी से ṭīnin
मिट्टी से ٧٦ (76)
(76)
उसने कहा : मैं उससे बेहतर हूँ। तूने मुझे आग से पैदा किया और उसे मिट्टी से पैदा किया।
३८:७७
قَالَ
फ़रमाया
qāla
फ़रमाया فَٱخْرُجْ पस निकल जा fa-ukh'ruj
पस निकल जा مِنْهَا इससे min'hā
इससे فَإِنَّكَ पस बेशक तू fa-innaka
पस बेशक तू رَجِيمٌۭ मरदूद है rajīmun
मरदूद है ٧٧ (77)
(77)
फ़रमाया فَٱخْرُجْ पस निकल जा fa-ukh'ruj
पस निकल जा مِنْهَا इससे min'hā
इससे فَإِنَّكَ पस बेशक तू fa-innaka
पस बेशक तू رَجِيمٌۭ मरदूद है rajīmun
मरदूद है ٧٧ (77)
(77)
(अल्लाह ने) कहा : फिर तू यहाँ से निकल जा। निःसंदेह तू धुत्कारा हुआ है।
३८:७८
وَإِنَّ
और बेशक
wa-inna
और बेशक عَلَيْكَ तुझ पर ʿalayka
तुझ पर لَعْنَتِىٓ लानत है मेरी laʿnatī
लानत है मेरी إِلَىٰ until ilā
until يَوْمِ दिन तक yawmi
दिन तक ٱلدِّينِ बदले के l-dīni
बदले के ٧٨ (78)
(78)
और बेशक عَلَيْكَ तुझ पर ʿalayka
तुझ पर لَعْنَتِىٓ लानत है मेरी laʿnatī
लानत है मेरी إِلَىٰ until ilā
until يَوْمِ दिन तक yawmi
दिन तक ٱلدِّينِ बदले के l-dīni
बदले के ٧٨ (78)
(78)
और निःसंदेह तुझपर बदले (क़ियामत) के दिन तक मेरी धिक्कार है।
३८:७९
قَالَ
उसने कहा
qāla
उसने कहा رَبِّ ऐ मेरे रब rabbi
ऐ मेरे रब فَأَنظِرْنِىٓ फिर मोहलत दे मुझे fa-anẓir'nī
फिर मोहलत दे मुझे إِلَىٰ until ilā
until يَوْمِ उस दिन तक yawmi
उस दिन तक يُبْعَثُونَ जब वो सब उठाए जाऐंगे yub'ʿathūna
जब वो सब उठाए जाऐंगे ٧٩ (79)
(79)
उसने कहा رَبِّ ऐ मेरे रब rabbi
ऐ मेरे रब فَأَنظِرْنِىٓ फिर मोहलत दे मुझे fa-anẓir'nī
फिर मोहलत दे मुझे إِلَىٰ until ilā
until يَوْمِ उस दिन तक yawmi
उस दिन तक يُبْعَثُونَ जब वो सब उठाए जाऐंगे yub'ʿathūna
जब वो सब उठाए जाऐंगे ٧٩ (79)
(79)
उस (इबलीस) ने कहा : ऐ मेरे पालनहार! फिर मुझे उस दिन तक के लिए अवसर दे, जिसमें लोग पुनः जीवित किए जाएँगे।
३८:८०
قَالَ
फ़रमाया
qāla
फ़रमाया فَإِنَّكَ पस बेशक तू fa-innaka
पस बेशक तू مِنَ (are) of mina
(are) of ٱلْمُنظَرِينَ मोहलत दिए जाने वालों में से है l-munẓarīna
मोहलत दिए जाने वालों में से है ٨٠ (80)
(80)
फ़रमाया فَإِنَّكَ पस बेशक तू fa-innaka
पस बेशक तू مِنَ (are) of mina
(are) of ٱلْمُنظَرِينَ मोहलत दिए जाने वालों में से है l-munẓarīna
मोहलत दिए जाने वालों में से है ٨٠ (80)
(80)
(अल्लाह ने) कहा : निःसंदेह तू मोहलत दिए गए लोगों में से है।
३८:८१
إِلَىٰ
Until
ilā
Until يَوْمِ उस दिन तक yawmi
उस दिन तक ٱلْوَقْتِ जिसका वक़्त l-waqti
जिसका वक़्त ٱلْمَعْلُومِ मालूम है l-maʿlūmi
मालूम है ٨١ (81)
(81)
Until يَوْمِ उस दिन तक yawmi
उस दिन तक ٱلْوَقْتِ जिसका वक़्त l-waqti
जिसका वक़्त ٱلْمَعْلُومِ मालूम है l-maʿlūmi
मालूम है ٨١ (81)
(81)
निर्धारित समय के दिन तक।
३८:८२
قَالَ
उसने कहा
qāla
उसने कहा فَبِعِزَّتِكَ पस क़सम है तेरी इज़्ज़त की fabiʿizzatika
पस क़सम है तेरी इज़्ज़त की لَأُغْوِيَنَّهُمْ अलबत्ता मैं ज़रूर गुमराह कर दूँगा उन्हें la-ugh'wiyannahum
अलबत्ता मैं ज़रूर गुमराह कर दूँगा उन्हें أَجْمَعِينَ सब के सब को ajmaʿīna
सब के सब को ٨٢ (82)
(82)
उसने कहा فَبِعِزَّتِكَ पस क़सम है तेरी इज़्ज़त की fabiʿizzatika
पस क़सम है तेरी इज़्ज़त की لَأُغْوِيَنَّهُمْ अलबत्ता मैं ज़रूर गुमराह कर दूँगा उन्हें la-ugh'wiyannahum
अलबत्ता मैं ज़रूर गुमराह कर दूँगा उन्हें أَجْمَعِينَ सब के सब को ajmaʿīna
सब के सब को ٨٢ (82)
(82)
उसने कहा : तो तेरे गौरव की क़सम! मैं अवश्य उन सबको गुमराह कर दूँगा।
३८:८३
إِلَّا
सिवाए
illā
सिवाए عِبَادَكَ तेरे बन्दों के ʿibādaka
तेरे बन्दों के مِنْهُمُ उनमें से min'humu
उनमें से ٱلْمُخْلَصِينَ जो ख़ालिस किए हुए हैं l-mukh'laṣīna
जो ख़ालिस किए हुए हैं ٨٣ (83)
(83)
सिवाए عِبَادَكَ तेरे बन्दों के ʿibādaka
तेरे बन्दों के مِنْهُمُ उनमें से min'humu
उनमें से ٱلْمُخْلَصِينَ जो ख़ालिस किए हुए हैं l-mukh'laṣīna
जो ख़ालिस किए हुए हैं ٨٣ (83)
(83)
सिवाय उनमें से तेरे उन बंदों के, जो चुने हुए हैं।
३८:८४
قَالَ
फ़रमाया
qāla
फ़रमाया فَٱلْحَقُّ पस हक़ है fal-ḥaqu
पस हक़ है وَٱلْحَقَّ और हक़ ही wal-ḥaqa
और हक़ ही أَقُولُ मैं कहता हूँ aqūlu
मैं कहता हूँ ٨٤ (84)
(84)
फ़रमाया فَٱلْحَقُّ पस हक़ है fal-ḥaqu
पस हक़ है وَٱلْحَقَّ और हक़ ही wal-ḥaqa
और हक़ ही أَقُولُ मैं कहता हूँ aqūlu
मैं कहता हूँ ٨٤ (84)
(84)
(अल्लाह ने) कहा : तो सत्य यह है और मैं सत्य ही कहता हूँ।
३८:८५
لَأَمْلَأَنَّ
अलबत्ता मैं ज़रूर भर दूँगा
la-amla-anna
अलबत्ता मैं ज़रूर भर दूँगा جَهَنَّمَ जहन्नम को jahannama
जहन्नम को مِنكَ तुझसे minka
तुझसे وَمِمَّن और उनसे जो wamimman
और उनसे जो تَبِعَكَ पैरवी करेंगे तेरी tabiʿaka
पैरवी करेंगे तेरी مِنْهُمْ उनमें से min'hum
उनमें से أَجْمَعِينَ सब के सब से ajmaʿīna
सब के सब से ٨٥ (85)
(85)
अलबत्ता मैं ज़रूर भर दूँगा جَهَنَّمَ जहन्नम को jahannama
जहन्नम को مِنكَ तुझसे minka
तुझसे وَمِمَّن और उनसे जो wamimman
और उनसे जो تَبِعَكَ पैरवी करेंगे तेरी tabiʿaka
पैरवी करेंगे तेरी مِنْهُمْ उनमें से min'hum
उनमें से أَجْمَعِينَ सब के सब से ajmaʿīna
सब के सब से ٨٥ (85)
(85)
कि मैं अवश्य ही जहन्नम को तुझसे तथा उन लोगों से भर दूँगा, जो उनमें से तेरा अनुसरण करेंगे।
३८:८६
قُلْ
कह दीजिए
qul
कह दीजिए مَآ नहीं mā
नहीं أَسْـَٔلُكُمْ मैं माँगता तुमसे asalukum
मैं माँगता तुमसे عَلَيْهِ इस पर ʿalayhi
इस पर مِنْ any min
any أَجْرٍۢ कोई अजर ajrin
कोई अजर وَمَآ और नहीं हूँ wamā
और नहीं हूँ أَنَا۠ मैं anā
मैं مِنَ of mina
of ٱلْمُتَكَلِّفِينَ तकल्लुफ़ करने वालों में से l-mutakalifīna
तकल्लुफ़ करने वालों में से ٨٦ (86)
(86)
कह दीजिए مَآ नहीं mā
नहीं أَسْـَٔلُكُمْ मैं माँगता तुमसे asalukum
मैं माँगता तुमसे عَلَيْهِ इस पर ʿalayhi
इस पर مِنْ any min
any أَجْرٍۢ कोई अजर ajrin
कोई अजर وَمَآ और नहीं हूँ wamā
और नहीं हूँ أَنَا۠ मैं anā
मैं مِنَ of mina
of ٱلْمُتَكَلِّفِينَ तकल्लुफ़ करने वालों में से l-mutakalifīna
तकल्लुफ़ करने वालों में से ٨٦ (86)
(86)
(ऐ नबी!) आप कह दें कि मैं तुमसे इसपर कोई पारिश्रमिक नहीं माँगता और न मैं बनावट करने वालो में से हूँ।
३८:८७
إِنْ
नहीं है
in
नहीं है هُوَ वो huwa
वो إِلَّا मगर illā
मगर ذِكْرٌۭ एक नसीहत dhik'run
एक नसीहत لِّلْعَـٰلَمِينَ तमाम जहान वालों के लिए lil'ʿālamīna
तमाम जहान वालों के लिए ٨٧ (87)
(87)
नहीं है هُوَ वो huwa
वो إِلَّا मगर illā
मगर ذِكْرٌۭ एक नसीहत dhik'run
एक नसीहत لِّلْعَـٰلَمِينَ तमाम जहान वालों के लिए lil'ʿālamīna
तमाम जहान वालों के लिए ٨٧ (87)
(87)
यह तो केवल सर्व संसार के लिए एक उपदेश है।
३८:८८
وَلَتَعْلَمُنَّ
और अलबत्ता तुम ज़रूर जान लोगे
walataʿlamunna
और अलबत्ता तुम ज़रूर जान लोगे نَبَأَهُۥ ख़बर उसकी naba-ahu
ख़बर उसकी بَعْدَ बाद baʿda
बाद حِينٍۭ एक वक़्त के ḥīnin
एक वक़्त के ٨٨ (88)
(88)
और अलबत्ता तुम ज़रूर जान लोगे نَبَأَهُۥ ख़बर उसकी naba-ahu
ख़बर उसकी بَعْدَ बाद baʿda
बाद حِينٍۭ एक वक़्त के ḥīnin
एक वक़्त के ٨٨ (88)
(88)
तथा निश्चय तुम उसके समाचार को कुछ समय के बाद अवश्य जान लोगे।